एससी आयोग के सदस्य योगेंद्र ने कहा
कल्याण व पुलिस विभाग के अधिकारियों संग बैठक की
रांची : भारत सरकार के अनुसूचित जाति आयोग के सदस्य योगेंद्र पासवान ने रामगढ़ में रेलवे कर्मी अशोक राम व उनके परिजनों की हत्या मामले में 15 दिनों में रिपोर्ट मांगी है. सरकार से जानना चाहा है कि अनुसूचित जाति के लोगों की हत्या के मामले में जो प्रावधान हैं, वह लागू किये गये हैं या नहीं.
उन्होंने अशोक राम की हत्या के मामले में अनुसूचित जाति अत्याचार अधिनियम के तहत मामला दर्ज करने को कहा. श्री पासवान ने मंगलवार को स्टेट गेस्ट हाउस में कल्याण विभाग व पुलिस विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक की. बैठक के बाद पत्रकारों से श्री पासवान ने कहा कि रविवार को रामगढ़ में पूरे मामले की समीक्षा की गयी थी. करीब 9.47 लाख रुपये स्व राम के आश्रित को रेलवे ने दिया है. सरकारी आवास खाली करने के बाद 12.83 लाख रुपये मिल जायेगा. रेलवे एक आश्रित को नौकरी दे रहा है. दर्ज प्राथमिकी में एससी-एसटी एक्ट भी नहीं लगा था. इसे भी लगा दिया गया है.
इससे प्रत्येक मृतक के नाम पर उनके आश्रित को 8.25 लाख रुपये मिलेगा. पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद 4.12 लाख रुपये जिला प्रशासन ने रविवार को दिया है. शेष राशि का 25 फीसदी चार्जशीट और 25 फीसदी सजा होने का बाद दिया जायेगा. मृतक के अाश्रित को पांच हजार रुपये पेंशन व महंगाई भत्ता भी मिलेगा.
आरोपी को गिरफ्तार करने का आदेश : श्री पासवान ने राज्य सरकार और रेलवे को आरोपी को जल्द गिरफ्तार करने का आदेश दिया. स्पीडी ट्रायल चलाकर सजा दिलाने का आग्रह किया.
मामला सीधे कोर्ट में जाये, तो अधिकारियों पर करें कार्रवाई : श्री पासवान ने बैठक में अधिकारियों को जानकारी दी कि एससी एक्ट के तहत मामला थाना में दर्ज होना चाहिए. अगर कोई व्यक्ति कोर्ट की शरण में जाता है, तो ऐसे मामलों में लापरवाही बरतनेवाले अफसरों पर कार्रवाई होनी चाहिए. बैठक में कल्याण सचिव हिमानी पांडेय, एडीजी अनुराग गुप्ता व अन्य अधिकारी भी मौजूद थे.
