रांची : नेपाल हाउस स्थित सभागार में मंगलवार को झारखंड राज्य प्रदूषण नियंत्रण पर्षद द्वारा धनबाद में प्रदूषण की स्थिति की समीक्षा की गयी.
प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष एके रस्तोगी ने कहा कि बीसीसीएल समयबद्ध तरीके से प्रदूषण रोकथाम के उपायों को लागू करें. अगले दो वर्षों में वायु प्रदूषण के स्तर में 20-30 फीसदी कमी लाने का प्रयास करें.
एेसा नहीं करने वाले एरिया को 30,000-60,000 रुपये प्रतिदिन की दर से जिम्मेदार अधिकारियों से फाइन वसूला जायेगा. यह भी कहा कि बीसीसीएल बोर्ड को समयबद्ध कार्य की पूरी जानकारी पांच जुलाई से पहले दे. धनबाद में प्रदूषण की जानकारी हेतु सभी क्षेत्रों में आरटीएमस स्थापित करें.
नेशनल क्लीन एयर प्रोग्राम के तहत धनबाद नगर निगम को दो मैकेनिकल डस्ट कलेक्टर मुहैया कराया जा रहा है. जिससे धनबाद में सड़कों पर से धूल कणों को उठाया जा सकेगा. इसके अलावा बीसीसीएल अपने खनन क्षेत्रों के अलावा महत्वपूर्ण छह जगहों पर स्थायी स्प्रिंकलर अथवा फाउंटेन स्थापित करेगा. कंपनी के प्रभारी सीएमडी शेखर शरण ने कहा कि अगले दो साल में उत्पादन को 31 मिलियन टन से बढ़ा कर 40 मिलियन टन किया जायेगा. धनबाद में प्रदूषण की स्थिति एवं इसके नियंत्रण हेतु नया एक्शन प्लान जल्द विभाग को देगा.
दिल्ली से कोयला मंत्रालय के पंकज कुमार ने बीसीसीएल से समयबद्ध अनुपालन एवं इसके लिए पूरी तैयारी करने को कहा. सदस्य सचिव राजीव लोचन बख्शी ने कहा कि बताया कि अब प्रदूषण मानकों का उल्लंघन करने पर कड़ी कार्रवाई के संकेत बीसीसीएल को दिये गये हैं. बोर्ड के सदस्य राजीव शर्मा, धनबाद से झरिया कोल फील्ड बचाओ समिति से अशोक अग्रवाल, दीपक कुमार दीपू, अनिल पांडेय, बिनय सिंह आदि मौजूद थे.
