रांची : घाघरा डोरंडा निवासी सामू उरांव के हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं होने पर रविवार को ग्रामीणों ने बैठक की. इसमें दोषियों को गिरफ्तार करने के लिए पुलिस प्रशासन को 48 घंटे का अल्टीमेटम दिया गया. लोगों ने कहा कि अगर 15 जनवरी तक गिरफ्तारी नहीं हुई तो ग्रामीण मुख्यमंत्री आवास घेरने की रणनीति बनायेंगे.
कांग्रेस नेता आलोक दुबे ने कहा कि आदिवासी समाज के किसी व्यक्ति की हत्या होती है, तो उसका संबंध जमीन कारोबार से जोड़ दिया जाता है, जो सही नहीं है. रोड जाम के दौरान पुलिस प्रशासन ने लिखित आश्वासन दिया था कि 24 घंटे के अंदर हमलावरों को गिरफ्तार कर लिया जायेगा, लेकिन चार दिन हो गये अब तक कुछ नहीं हुआ है.
सामू उरांव की पत्नी अनिता मिंज ने कहा कि उनके पति के साथ घायल हुए शंकर सुरेश उरांव ने जब सब कुछ पुलिस प्रशासन को बता दिया है और पुलिस ने माना है कि मुजरिमों की शिनाख्त हो चुकी है, फिर गिरफ्तारी क्यों नहीं हो रही है? पार्षद मारग्रेट मिंज ने कह कि घाघरा के लोग तनाव व भय के वातावरण में जी रहे हैं, इसलिए यह जरूरी है कि हमलावरों की गिरफ्तारी हो और पूरे मामले का पटाक्षेप हो.
