रांची : झारखंड हाइकोर्ट के जस्टिस राजेश शंकर की अदालत में गुरुवार को कांंटाटोली स्थित पेट्रोल पंप को हटाने के मामले में दायर याचिका पर सुनवाई हुई. अदालत ने मामले की सुनवाई करते हुए हिंदुस्तान पेट्रोलियम से जानना चाहा कि पेट्रोल पंप की वैकल्पिक व्यवस्था की जा सकती है या नहीं. अदालत ने प्रतिवादी को जवाब देने का निर्देश दिया.
अदालत ने रांची नगर निगम के नोटिस पर रोक नहीं लगायी. प्रार्थी को अंतरिम राहत नहीं मिल पायी है. मामले की अगली सुनवाई 28 नवंबर को होगी. इससे पूर्व प्रार्थी की ओर से अदालत को बताया गया कि कांटाटोली के समीप हिंदुस्तान पेट्रोलियम का पंप है. फ्लाइअोवर निर्माण के लिए रांची नगर निगम ने जगह को खाली करने का नोटिस दिया है.
उसकी भूमि का अधिग्रहण गलत है. वह एसटी भूमि है, जिसका अधिग्रहण नहीं हो सकता है. इस पर रांची नगर निगम की ओर से अधिवक्ता प्रशांत कुमार ने अदालत को बताया कि जमीन का अधिग्रहण हो चुका है. प्रार्थी का अपनी कंपनी से विवाद है. उसे जमीन खाली करने की जरूरत है. उल्लेखनीय है कि प्रार्थी रॉबर्ट प्रभात मिंज ने याचिका दायर कर जगह खाली करने संबंधी नगर निगम के नोटिस को चुनौती दी है.
