रांची : झारखंड में स्वच्छ भारत मिशन(ग्रामीण) के तहत शौचालय निर्माण का लक्ष्य पूरा करने के लिए अब हर दिन 14 हजार से अधिक शौचालय बनाने होंगे. केंद्र सरकार ने 2019 तक का लक्ष्य निर्धारित किया है. पर मुख्यमंत्री रघुवर दास ने इस लक्ष्य को दो अक्तूबर 2018 तक ही पूरा करने का लक्ष्य दिया […]
रांची : झारखंड में स्वच्छ भारत मिशन(ग्रामीण) के तहत शौचालय निर्माण का लक्ष्य पूरा करने के लिए अब हर दिन 14 हजार से अधिक शौचालय बनाने होंगे. केंद्र सरकार ने 2019 तक का लक्ष्य निर्धारित किया है. पर मुख्यमंत्री रघुवर दास ने इस लक्ष्य को दो अक्तूबर 2018 तक ही पूरा करने का लक्ष्य दिया है. इस तिथि तक लक्ष्य पूरा करने के लिए 5.92 लाख शौचालय बनाने होंगे. झारखंड में कुल लक्ष्य 42.34 लाख के विरुद्ध अबतक 36.41 लाख शौचालय का निर्माण हो चुका है.
शेष शौचालयों का निर्माण दो अक्तूबर तक किया जाना है.
12 जिले हो चुके हैं ओडीएफ : झारखंड के 24 जिलों में 12 जिले खुले में शौच से मुक्त(ओडीएफ) हो चुके हैं. इनमें चतरा, देवघर, गुमला, हजारीबाग, कोडरमा, लातेहार, लोहरदगा, प सिंहभूम, रामगढ़, जामताड़ा, सरायकेला-खरसावां और सिमडेगा जिला शामिल हैं.
पत्थलगड़ी के कारण खूंटी पिछड़ा : बताया गया कि खूंटी जिले ने भी 99 प्रतिशत लक्ष्य पूरा कर लिया है, पर पत्थलगड़ी के कारण वहां काम रुका हुआ था, जिस कारण यह जिला ओडीएफ नहीं हो सका. पेयजल एवं स्वच्छता विभाग की सचिव अाराधना पटनायक ने बताया कि वहां केवल 761 शौचालय बनवाना है. अब वहां कोई समस्या नहीं है. एक सप्ताह में यह जिला भी ओडीएफ हो जायेगा.
15 सितंबर तक कई और जिले ओडीएफ हो जायेंगे. दो अक्तूबर तक सरकार की कोशिश है कि सारे जिले ओडीएफ हो जायें. इसके लिए एक लाख राजमिस्त्री, 50 हजार रानी मिस्त्री, एक लाख स्वयंसहायता समूह, 4400 मुखिया, 38 हजार जल सहिया समेत बीडीओ, डीडीसी व अन्य पदाधिकारी लगे हुए हैं. अभी ग्रामीण इलाकों में स्वच्छता सर्वेक्षण चल रहा है, जिस कारण काम की गति कम हुई है, पर 31 अगस्त से तेजी से काम होगा.