उरीमारी. सयाल के टीना साइड में सरहुल पूजा धूमधाम से मनायी गयी. कैंटीन घर के पास सरना पूजा के लिए विशेष साज-सज्जा की गयी थी. यहां पर पाहन मटराज मुंडा ने सरना रीति रिवाज से पूजा की. मौके पर लोगों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया. सामूहिक नृत्य संगीत भी प्रस्तुत किये गये. वक्ताओं ने कहा कि आदिवासी समाज को सरना धर्म, सभ्यता, संस्कृति व मूल्यों की रक्षा के लिए एकजुट रहना चाहिए. सरहुल समाज में खुशहाली, एकता व समृद्धि लाता है. मौके पर मोहन उरांव, छोटू, सुदर्शन मुंडा, मनोज मुंडा, भुवनेश्वर मुंडा, संतोष भुइयां, मिथुन, अमरदेव, भोला, कामेश्वर, कुलदीप उरांव आदि जुटे थे.
खुशहाली व समृद्धि का प्रतीक है सरहुल
उरीमारी. सयाल के टीना साइड में सरहुल पूजा धूमधाम से मनायी गयी. कैंटीन घर के पास सरना पूजा के लिए विशेष साज-सज्जा की गयी थी. यहां पर पाहन मटराज मुंडा ने सरना रीति रिवाज से पूजा की. मौके पर लोगों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया. सामूहिक नृत्य संगीत भी प्रस्तुत किये गये. वक्ताओं […]
