भुरकुंडा : रांची खेलगांव में चल रहे कोल इंडिया स्थापना दिवस समारोह के समापन पर रविवार को भुरकुंडा माइन बी (खुली खदान) कोलियरी को लक्ष्य से अधिक उत्पादन के लिए ग्रुप बी में प्रथम पुरस्कार मिला है. रविवार को भुरकुंडा कोलियरी के एक्सावेशन प्रांगण में पुरस्कार की प्रदर्शनी लगायी गयी. मौके पर पीओ जीसी साहा ने कहा कि आपसी सहयोग के कारण ही भुरकुंडा खुली खदान को लक्ष्य से अधिक उत्पादन करने का प्रथम पुरस्कार मिला है.
भुरकुंडा खुली खदान को 2018-19 के अप्रैल-सितंबर माह तक चार लाख 52 हजार टन कोयला उत्पादन का लक्ष्य मिला था. इसमें पांच लाख 61 हजार टन कोयले का उत्पादन हुआ. यह लक्ष्य से 24 प्रतिशत ज्यादा है. उन्होंने कहा कि 2017-18 से 32 प्रतिशत उत्पादन ज्यादा हुआ है. इस वर्ष 2018-19 में सात लाख 20 हजार टन कोयला उत्पादन का लक्ष्य मिला है. अब तक छह लाख 31 हजार टन का उत्पादन किया जा चुका है.
एसओएम सुधीर कुमार सिन्हा ने कहा कि यह पुरस्कार सीसीएल के सीएमडी गोपाल सिंह, जेसीसी समिति के सदस्य व सुरक्षा सलाहकार समिति के सदस्यों ने किया. यह पुरस्कार भुरकुंडा को लगातार दूसरे साल मिला है. पुरस्कार पानेवालों में पीओ जीसी साहा, मैनेजर सुधीर कुमार सिन्हा, प्रोजेक्ट इंजीनियर सुधीर कुमार, यूसीएन तिवारी, नीलू महली, मनोज श्रीवास्तव शामिल थे. मौके पर अविनाश कुमार, पंकज कुमार सिंह, बबलू कुमार, आरडी सैनी, श्याम झा, यूसीएन तिवारी, देवानाथ प्रसाद, सिकंदर महतो, मुन्ना राम, रामदास सिंह, संजय सिंह, सत्येंद्र सिंह, वरुण कुमार, रामसुंदर सिंह, श्रीकांत सिंह, केपी सिंह, संतोष मुंडा, अरुण कुमार मौजूद थे.
