हरिहरगंज में पहली बार नगर पंचायत चुनाव की आहट
वार्ड आरक्षण गजट जारी होते ही बढ़ी राजनीतिक सरगर्मी
वार्ड आरक्षण गजट जारी होते ही बढ़ी राजनीतिक सरगर्मी प्रतिनिधि, हरिहरगंज वर्ष 2018 में नगर पंचायत का दर्जा मिलने के बावजूद सात वर्षों तक चुनाव से वंचित रहा हरिहरगंज अब पहली बार नगर निकाय चुनाव की प्रक्रिया की ओर बढ़ रहा है, जिससे क्षेत्र में उत्साह और राजनीतिक हलचल तेज हो गयी है. राज्य सरकार द्वारा वार्डों के आरक्षण से संबंधित गजट प्रकाशित होते ही संभावित प्रत्याशी सक्रिय हो गए हैं और जनसंपर्क का दौर शुरू हो गया है. हरिहरगंज नगर पंचायत में कुल 16 वार्ड बनाए गए हैं, जिनमें महिलाओं के लिए सात वार्ड आरक्षित किये गये हैं, जबकि ओबीसी-1 के लिए तीन, ओबीसी-2 के लिए एक और अनुसूचित जाति के लिए चार वार्ड आरक्षित घोषित किये गये हैं, वहीं शेष आठ वार्ड अनारक्षित रखे गये हैं. हरिहरगंज अंचल के पांच पंचायतों के 12 राजस्व गांव सतगावां उर्फ हरिहरगंज, अररुआ कला, अररुआ खुर्द, पाठक बिगहा, बिशुनपुर, बेलोदर, भगत तेंदुआ, कोशडिहरा, खापकटैया, पीपरा, अंबा और डेमा को मिलाकर इस नगर पंचायत का गठन किया गया है. नगर पंचायत का कुल क्षेत्रफल 11.66 वर्ग किलोमीटर है और वर्ष 2011 की जनगणना के अनुसार यहां की आबादी 28,467 है. अब तक चुनाव नहीं होने के कारण सरकार द्वारा मनोनीत पदाधिकारियों के माध्यम से शहरी विकास कार्य संचालित किए जाते रहे हैं, लेकिन पहली बार जनप्रतिनिधियों के चुनाव की तैयारी शुरू होने से आम लोगों में भागीदारी को लेकर नई उम्मीद जगी है. समाजसेवी राजीव रंजन ने कहा कि नगर पंचायत चुनाव से स्थानीय विकास कार्यों को नई दिशा और गति मिलेगी, जबकि स्थानीय नागरिक अनुज कुमार ने कहा कि पहली बार होने वाले चुनाव से लोकतांत्रिक प्रक्रिया मजबूत होगी और जनता की आवाज सीधे नगर प्रशासन तक पहुंचेगी. नगर पंचायत के पहले चुनाव को लेकर वार्ड स्तर पर बैठकों और चर्चाओं का दौर तेज हो गया है और पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल बना हुआ है.
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