लोहरदगा : शहरी क्षेत्र में स्थित राजा बंगला में क्षत्रिय महासभा के तत्वावधान में बाबू कुंवर सिंह जयंती अरुण कुमार सिंह की अध्यक्षता में मनायी गयी. कार्यक्रम में उपस्थित अतिथियों ने कुंवर सिंह के चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्जवलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया. कहा गया कि आज का दिन इतिहास का गौरवपूर्ण दिन है.
आजादी के इस दीवाने ने अंगरेजों के खिलाफ जम कर विरोध किया. बाबू कुंवर सिंह का जन्म बिहार के आरा जिले के जगदीशपुर गांव में हुआ था और आजादी के स्वतंत्रता संग्राम में इन्होंने बिहार का नेतृत्व किया था. एक बार अंगरेजों से लड़ते हुए सभी सैनिक सहित इनको गंगा नदी पार करनी थी. सभी सैनिकों को इन्होंने पहले नदी पार करायी और सबसे अंत में ये स्वयं नदी पार कर रहे थे, तभी इनके दाहिने हाथ में गोली लगी तो इन्होंने अपना दाहिना हाथ काट कर गंगा को अर्पित कर दिया लेकिन झूकना पसंद नहीं किया.
अंगरेजों से लोहा लेते हुए उन्होंने देश के लिए अपने को न्योछावर कर दिया. बाबू कुंवर सिंह का लोहरदगा क्षेत्र से विशेष लगाव था.
ऐसे महापुरुषों से हमें प्रेरणा लेने की जरूरत है और देश के प्रति समर्पित होने की आवश्यकता है. मौके पर प्रवीण कुमार सिंह, ओम प्रकाश सिंह, डॉ अजय शाहदेव, रामकुमार सिंह, सच्चित सिंह, विनोद सिंह, कन्हैया सिंह, अभय सिंह, सचित सिंह, लाल उजयनाथ शाहदेव, विजय कुमार सिंह, चंदन सिंह, प्रदीप सिंह, पंकज सिंह, सुरेश सिंह, मनोज गुप्ता, कवंलजीत सिंह, आजीवन सिंह, विजय सिंह आदि शामिल थे.
