उपायुक्त ने एनजीओ के साथ की समीक्षा बैठक, कहा
लोहरदगा : उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री की अध्यक्षता में सीएफटी की बैठक हुई. बैठक में मनरेगा कार्यों में तेजी लाने के संबंध में सीएफटी प्रखंडों के कार्यकारी एनजीओ के साथ विचार-विमर्श किया गया.
साथ ही इसकी समीक्षा की गयी. बैठक में बताया गया कि वित्तीय वर्ष 2014-15 में कोई भी योजना एजेंसी को नहीं दी गयी थी. वित्तीय वर्ष 2015-16 में योजना की स्वीकृति के लिए यथाशीघ्र प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया गया. समीक्षा के क्र म में उपायुक्त ने पाया कि वित्तीय वर्ष 2014-15 एक एमआइएस इंट्री पूर्ण नहीं हुआ है.
इस पर उन्होंने नाराजगी जताते हुए जॉब डिमांड वर्क का निर्देश दिया. बैठक में मनरेगा की कार्यकारी एजेंसीयों द्वारा प्रस्तुत किये गये सीएफटी मॉडल, स्टीमेट पर भी आपत्ति जताते हुए कार्यपालक अभियंता एनआरइपी को मॉडल स्टीमेट जमा करने का निर्देश दिया. साथ ही सीएफटी क्षेत्र में मनरेगा सहायता केंद्र स्थापना करने का भी निर्देश उपायुक्त ने दिया
साथ ही उसे क्रियाशील बनाने का निदेश दिया. उन्होंने बैठक में कहा कि बगैर डीसी के अनुमति के किसी भी पंचायत सचिव का तबादला नहीं किया जाये. क्योंकि जॉब कार्डधारियों का भुगतान पंचायत सचिव एवं मुखिया का डिजीटल हस्ताक्षर से टैग कर होना है.
बैठक में मनरेगा योजना की सफलता के संबंध मे कई जानकारी उपायुक्त ने दी. मौके पर एसडीओ सौरव कुमार सिन्हा, डीआरडीए डायरेक्टर विनोद कुमार चौधरी, डीपीओ महेश भगत, एनडीसी छंदा भाचार्य, बीडीओ विजय नाथ मिश्र, सीमा दीपिका टोपो, संध्या मुंडू, अजय भगत,सुरेंद्र उरांव, बीपीओ सुदर्शन लकड़ा, मनोज तिर्की, विक्रम कुमार, मतिउल्लाह प्रवेज सहित प्रदान, एलजीएसएस, विकास भारती, प्रज्ञा कें द्रों एवं अन्य एनजीओ के प्रतिनिधि मौजूद थे.
