लातेहार ़ जिला समाहरणालय स्थित पुलिस मुख्यालय के सभागार में सोमवार को आत्मसमर्पित नक्सलियों और उनके परिजनों के पुनर्वास व देय लाभों की समीक्षा को लेकर विशेष बैठक आयोजित की गयी. इसकी अध्यक्षता करते हुए पुलिस अधीक्षक कुमार गौरव ने कहा कि सरकार की नयी दिशा आत्मसमर्पण नीति के तहत भटके हुए नक्सलियों को मुख्यधारा में जोड़ना और उन्हें सुरक्षा प्रदान करना प्रशासन की प्राथमिकता है. 51 नक्सलियों ने छोड़ा हिंसा का रास्ता : एसपी ने जानकारी दी कि लातेहार जिले में अब तक 51 नक्सलियों ने सरकार की नीतियों से प्रभावित होकर आत्मसमर्पण किया है. इसके अलावा पड़ोसी जिलों के नक्सलियों ने भी इस नीति पर भरोसा जताया है. बैठक में उपस्थित 16 पूर्व नक्सलियों व उनके परिजनों से संवाद करते हुए एसपी ने उनकी समस्याओं को सुना. उन्होंने स्पष्ट किया कि कई लाभ लाभुकों को दिये जा चुके हैं और जो तकनीकी कारणों से लंबित हैं, उन्हें शीघ्र उपलब्ध कराया जायेगा. संवाद से दूर होगी हर बाधा : प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने बताया कि जिले के विभिन्न थाना क्षेत्रों में लगातार बैठकें कर पूर्व नक्सलियों के साथ समन्वय स्थापित किया जा रहा है. इसका उद्देश्य उनकी व्यवहारिक दिक्कतों को समझना और उन्हें समाज की मुख्यधारा में सम्मानजनक जीवन जीने में मदद करना है. मौके पर एसडीपीओ अरविंद कुमार, बीडीओ मनोज कुमार तिवारी, सीओ नंद कुमार राम, थाना प्रभारी प्रमोद कुमार सिन्हा, कृष्णपाल सिंह पवैया, प्रभात कुमार दास, शशि कुमार समेत कई पुलिस व प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे.
नक्सलियों के पुर्नवास के लिए सरकार प्रतिबद्ध है : एसपी
नक्सलियों के पुर्नवास के लिए सरकार प्रतिबद्ध है : एसपी
