....न डीआरएम का जवाब आया, न ही कागजात प्रस्तुत किये गये

फोटो फाइल : 18 चांद 3 : जेसीबी से हाइवा में कोयला की लदाई.प्रतिनिधि, चंदवा . टुढ़ामु कोल साइडिंग व टोरी रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर पांच में गिर रहे कोयला की बाबत एसडीएम डॉ शांतनु कुमार अग्रहरि ने डीआरएम धनबाद को पत्र प्रेषित किया था. यह पत्र 12 दिसंबर 2014 को प्रेषित किया गया […]

फोटो फाइल : 18 चांद 3 : जेसीबी से हाइवा में कोयला की लदाई.प्रतिनिधि, चंदवा . टुढ़ामु कोल साइडिंग व टोरी रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर पांच में गिर रहे कोयला की बाबत एसडीएम डॉ शांतनु कुमार अग्रहरि ने डीआरएम धनबाद को पत्र प्रेषित किया था. यह पत्र 12 दिसंबर 2014 को प्रेषित किया गया था. इस संबंध में अब तक डीआरएम का जवाब प्राप्त नहीं हुआ है. इससे पूर्व एसडीएम ने भंडारण स्थल का दौरा भी किया था. इसके बाद सभी कोयला व्यापारियों को लातेहार तलब किया गया था. इसमें सभी कंपनियों से भंडारण व पर्यावरणीय अनापत्ति प्रमाण पत्र प्रस्तुत करने का कहा गया था. 10 दिन बीत जाने के बाद भी कागजात प्रस्तुत नहीं किया गया है. रेल मार्ग से खनिज परिवहन नियमावली का उल्लंघन जारी है. रेल प्रशासन अब तक इस दिशा में सक्रिय नहीं हो पाया है. कोयले की डंपिंग जारी चंदवा . कोयला व्यवसायियों की मिलीभगत से टोरी रेलवे स्टेशन के पास साइडिंग में नित्य सैकड़ों टन कोयला का डंप जारी है. जेएसएमडीसी द्वारा संचालित सिकनी कोल प्रोजेक्ट की माइनिंग लिज शर्त के मुताबिक यहां के कोयले की अंतरराज्यीय बिक्री प्रतिबंधित है. सिकनी के उत्पादित कोयला का उपयोग झारखंड राज्य के भीतर ही करना है. राज्य की छोटी औद्योगिक इकाइयों में सिकनी का कोयला उपलब्ध कराना माइनिंग लिज की पहली शर्त है. फिलवक्त टुढ़ामु, टोरी रेलवे स्टेशन व परसही में सिकनी का कोयला भंडारण किया जा रहा है. यहां से रेल मार्ग द्वारा इसे राजस्थान व यूपी भेजा जाता है. माइनींग लिज के शर्तों की धज्जी उड़ रही है. इस बाबत सिकनी कोल प्रोजेक्ट के खान अभिकर्ता से संपर्क का प्रयास किया गया, लेकिन मोबाइल बंद मिला.

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar Digital Desk

यह प्रभात खबर का डिजिटल न्यूज डेस्क है। इसमें प्रभात खबर के डिजिटल टीम के साथियों की रूटीन खबरें प्रकाशित होती हैं।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >