देश को बांटना चाहती है केंद्र सरकार : पप्पू

संविधान बचाओ कार्यक्रम के तहत बिहार के पूर्व सांसद पप्पू यादव ने सीएए व एनआरसी का विरोध किया लातेहार : केंद्र सरकार नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन (एनआरसी) को लागू कर देश को बांटना चाहती है. यह लड़ाई किसी एक वर्ग या समुदाय का नहीं है, बल्कि पूरे देश की है. […]

संविधान बचाओ कार्यक्रम के तहत बिहार के पूर्व सांसद पप्पू यादव ने सीएए व एनआरसी का विरोध किया

लातेहार : केंद्र सरकार नागरिकता संशोधन कानून (सीएए) और नेशनल रजिस्टर ऑफ सिटीजन (एनआरसी) को लागू कर देश को बांटना चाहती है. यह लड़ाई किसी एक वर्ग या समुदाय का नहीं है, बल्कि पूरे देश की है. यह बात बिहार के पूर्व सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने शनिवार को लातेहार में संविधान बचाओ कार्यक्रम में सभा को संबोधित करते हुए कही.
उन्होंने कहा कि हमारी सभ्यता और संस्कृति एक है, तो हम अलग कैसे हो सकते हैं. केंद्र की मोदी सरकार मुस्लिम और दलित का इतिहास पूछ रही है. दिल्ली के लालकिला में 94 हजार लोगों का नाम लिखा है जिसमें 64 हजार नाम सिर्फ मुसलमानों का है. उसके बाद आदिवासी और दलित का है. सीएए और एनआरसी कुछ नहीं है, देश की सरकार सिर्फ लोगों को इस कानून के नाम पर गुमराह करने का काम कर रही है.
किसान नेता केडी सिंह ने कहा कि देश में सीएए और एनआरसी कानून का विरोध हो रहा है. देश में केंद्र सरकार आरएसएस का एजेंडा लागू करने पर अमादा है, जिसका विरोध पूरा देश कर रहा है. हमारा देश शेख भिखारी, टीपू सुल्तान और बिरसा मुंडा के आदर्श पर चलने वाला है. लेकिन केंद्र सरकार इसे समाप्त करने पर तुली है. बीएचयू के छात्र संतोष ने कहा कि सीएए और एनआरसी कानून के विरोध का नेतृत्व आज देश के बड़े-बड़े विश्वविद्यालय की लड़कियां तक कर रही है.
इस लड़ाई में हिंदु-मुस्लिम की बात कोई नहीं कर रहा है. कानून का विरोध करने वाले लोग सिर्फ इस कानून को समाप्त करने की बात कह रहे हैं. कार्यक्रम की अध्यक्षता शमसुल होदा ने की और संचालन आफताब आलम ने किया. मौके पर युगलपाल, लक्ष्मण यादव, मुनेश्वर उरांव, रामप्रवेश यादव, मो जुनैद अनवर, मो रिजवान, जावेद अख्तर, मो अहद खान, शमशाद, मो आरिफ, दिलेश्वर यादव समेत काफी संख्या में लोग उपस्थित थे.

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