स्वास्थ्य केंद्र में नहीं है शौचालय

रोजना करीब 150 लोग आते हैं इलाज कराने... शौचालय नहीं होने से होती है परेशानी महुआडांड़ : प्रखंड मुख्यालय में बने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक भी शौचालय नहीं है. दस वर्ष पूर्व तीन लाख रुपये की लागत से दो अलग-अलग शौचालय का निर्माण कराया गया था. उसकी हालत जर्जर हो गयी है. स्वास्थ्य केंद्र […]

By Prabhat Khabar Digital Desk | December 18, 2019 12:37 AM

रोजना करीब 150 लोग आते हैं इलाज कराने

शौचालय नहीं होने से होती है परेशानी
महुआडांड़ : प्रखंड मुख्यालय में बने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में एक भी शौचालय नहीं है. दस वर्ष पूर्व तीन लाख रुपये की लागत से दो अलग-अलग शौचालय का निर्माण कराया गया था. उसकी हालत जर्जर हो गयी है. स्वास्थ्य केंद्र में शौचालय नहीं होने से मरीजों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ता है. सबसे अधिक परेशानी महिलाओं को होती है. गौरतलब है कि स्वास्थ्य केंद्र में प्रत्येक दिन प्रखंड के विभिन्न गांव से करीब 150 मरीज इलाज कराने स्वास्थ्य केंद्र आते हैं.
ग्रामीणों का कहना है कि शौचालय की मरम्मत करा कर उसे चालू किया जा सकता है. जिला स्तर से विभिन्न मदों के लिए राशि आवंटित होती है लेकिन विभागीय उदासीनता और लापरवाही के कारण किसी चिकित्सा अधिकारी का ध्यान इस ओर नहीं गया है. जिला स्तर के कई पदाधिकारी प्रत्येक माह प्रखंड जाकर स्वास्थ्य व्यवस्था की समीक्षा करते है, लेकिन किसी ने केंद्र में शौचालय की जर्जर अवस्था पर ध्यान आकृष्ट नहीं कराया है.