लोहरदगा : सीआरपीएफ 158 बटालियन द्वारा गृह मंत्रालय के तत्वावधान में नेहरू युवा संगठन के सहयोग से 11वीं जनजातीय सांस्कृतिक आदान-प्रदान कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है. इसका उद्देश्य उन आदिवासी युवकों को राष्ट्रीय मुख्यधारा से जोड़ना है, जो कि दूर दराज के क्षेत्रों के रहनेवाले हैं और जिन्हें देश दुनिया में होनेवाली घटनाओं एवं बहुआयामी विकास की पर्याप्त जानकारी नहीं मिल पाती है.
सरकार द्वारा आयोजित इन कार्यक्रम के माध्यम से इन युवक युवतियों को देश के विभिन्न प्रदेशों का भ्रमण कर वहां के लोगों से मिलने जुलने तथा वहां की संस्कृति और समाज की जानकारी प्रत्यक्ष रूप से प्राप्त करने का अवसर मिलता है.
साथ ही कार्यक्रम के आयोजन द्वारा यह प्रयास किया गया है कि पिछड़े और गरीब आदिवासी वर्ग के लोगो में जो कुछ भी गलतफहमियां व्याप्त है, उन गलतफहमियों को मिटाया जा सके. ऐसी अपेक्षा की जाती है कि सांस्कृतिक आदान प्रदान के माध्यम से ये युवक अपनी प्रतिभा एवं व्यक्तित्व का विकास कर राष्ट्र निर्माण में एवं अपने क्षेत्र के विकास में सहयोग करने में सक्षम होंगे.
लोहरदगा जिला के पांच युवक एवं पांच युवतियों को चेन्नई के लिए रवाना किया गया. रवाना करने के पूर्व कमांडेंट मनोज कुमार गुप्ता द्वारा युवक युवतियों को संबोधित किया गया. उसके बाद उन्हें चेन्नई तमिलनाडु के लिए रवाना किया.
कार्यक्रम द्वारा यहां के आदिवासी युवक युवतियों को विभिन्न राज्यों एवं शहरों के बारे में जानने, समझने तथ घूमने का अवसर मिलेगा और ये युवक युवतियां प्रोत्साहित होकर व देश के विकास के साथ जुड़ कर अपना नक्सल प्रभावित क्षेत्र के अमूल्य विकास के लिए अपना सहयोग एवं योगदान दे सकेंगे. मौके पर कमांडेंट मनोज कुमार गुप्ता, उप कमांडेंट अमरेंद्र तिवारी, जिला समन्वय अधिकारी ललिता कुमारी सहित काफी संख्या में सीआरपीएफ के जवान मौजूद थे.
