झुमरीतिलैया. कांग्रेस नेता सईद नसीम ने जिला प्रशासन को पत्र लिख कर हाथी के हमले व वज्रपात से प्रभावित परिवार की ओर ध्यान आकृष्ट कराया है. उन्होंने प्रभावित परिवार को आपदा प्रबंधन कोष से तत्काल सहायता देने की मांग की है. बताया है कि कोडरमा में हाथी के हमले और वज्रपात ने 11 जिंदगियां ले लीं, छह लोग गंभीर घायल हैं. नौ मई को सतगावां के नंदूडीह में एक ही परिवार के तीन लोगों की मौत वज्रपात से हो गयी. पिछले तीन महीने में मरियमपुर, बोनाकाली, मरकच्चो व सतगावां में हाथियों ने आठ लोगों को कुचल दिया. सरकार ने मुआवजा चार लाख से बढ़ाकर 10 लाख किया है, लेकिन पीड़ित परिवारों को अब तक सिर्फ 25 हजार रुपये दाह संस्कार के लिए मिले हैं.
बेरहवा जंगल से सटे गांवों में हाथी का आतंक
मरकच्चो. हाथियों के झुंड से भटका हुआ एक हाथी प्रतिदिन रात को बेरहवा जंगल से सटे गांवों में उत्पात मचा रहा है. शनिवार की देर रात हाथी ने तेलियामारण पहुंच कर जावेद अख्तर के घर की चहारदीवारी को तोड़ दिया. क्षेत्र के कई गांवों जैसे तेलियामारण, महुआटांड, जामू, हरलाडीह, पपलो, अंबाडीह, मेहतरिया अहरी, नादकरी, दशारो आदि में इन दिनों उक्त हाथी के आतंक से ग्रामीण परेशान हैं. ग्रामीणों के अनुसार, हाथी बेरहवा जंगल से निकलकर गांवों की ओर पहुंच जाता है. इस दौरान वह खेतों में लगी फसलों को रौंद देता है. किसान अपनी फसलों और घरों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं. ग्रामीणों ने प्रशासन और वन विभाग से मांग की है कि हाथी को सुरक्षित तरीके से जंगल की ओर खदेड़ा जाये.
