झुमरीतिलैया. गुरु कृपा शांति भवन में श्रद्धालु महिलाओं ने गुरु नारायणी माता का जन्मोत्सव भक्ति भाव से मनाया. कार्यक्रम के दौरान 108 बार गुरु चालीसा का पाठ किया गया. इस अवसर पर श्रद्धालुओं ने कहा कि मानव जीवन में गुरु का स्थान सर्वोपरि है, एक गुरु हमें शिक्षा देता है. माता-पिता जीवन जीने की कला, बोलना, चलना और व्यवहार सिखाते हैं, लेकिन संस्कार और आत्मिक कल्याण के लिए भक्ति गुरु अनिवार्य है. गुरु के बिना जीवन की दिशा अधूरी रह जाती है. जन्मोत्सव के उपरांत श्रद्धालु महिलाएं यदुटांड़ स्थित कोडरमा गौशाला पहुंची, जहां गौ सेवा कर पुण्य अर्जित किया. इस दौरान एक वर्ष तक एक गाय को प्रतिदिन दो रोटी खिलाने का संकल्प लिया गया तथा उसकी राशि भी समर्पित की गयी. गुरु माता के जन्मदिवस के अवसर पर अड्डी बंगला रोड स्थित वृद्ध आश्रम में निवास कर रहे वृद्धों के लिए गर्म वस्त्र उपलब्ध कराये गये. मौके पर सुनीली एकघरा, शारदा गुप्ता, प्रेमलता देवी, रेखा एकघरा, दीपा गुप्ता, अनिता भदानी, मुन्नी देवी, सारिका भदानी, प्रतिमा वर्णवाल, रेणु तरवे सहित दर्जनों श्रद्धालु भक्त मौजूद थीं.
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