कोडरमा : कल्याण विभाग की सीसीडी योजना के तहत बिरहोरों को प्रशिक्षण के नाम पर हुए घपले की पड़ताल जब प्रभात खबर ने की, तो इसमें कई सच्चाई सामने आयी. आरटीआइ से मिली जानकारी में बिरहोरों को प्रशिक्षण के दौरान कोलटैक्स कोडरमा के कैटरर बुल्लू प्रसाद गुप्ता के यहां से नास्ता, खाना व पानी बोतल की आपूर्ति किये जाने का जिक्र है.
प्रभात खबर की टीम जब यह जानने पहुंची, तो एक नया खुलासा हुआ़ बिरहोरों को लोकाई में खाना सप्लाइ किये जाने के सवाल पर बुल्लू ने कहा, सर हमने लोकाई में खाने की सप्लाइ दी ही नहीं है़
न ही वहां खाना खिलाया है़ जब उसे मामले की जानकारी दी गयी, तो उसने सच्चाई उगली. उसने बताया कि हमने खाना नहीं खिलाया़ मेरे पास भोले शंकर टेंट हाउस वाला आया था़ उसने कहा, एक सादा बिल चाहिए सरकारी बिल पास करवाना है, तो हमने दे दिया. इससे ज्यादा मैं कुछ नहीं जानता. बता दें कि प्रशिक्षण के दौरान बुल्लू के यहां से खाना से संबंधित बिल 1,84,600 रुपये का समर्पित किया गया है.
वहीं प्रभात खबर की टीम जब भोले शंकर टेंट हाउस लोकाई पहुंची, तो संचालक मौजूद नहीं था. वहां दुकान में मौजूद युवक से जब पूछा गया कि किराये पर क्या-क्या मिलता है, तो उसने टेंट से संबंधित सामान का जिक्र किया. जब टीम ने पूछा कि जेनरेटर किराये पर मिलेगा, तो उसने कहा हमारे यहां जेनरेटर नहीं है, तो हम किराये पर कैसे लगायेंगे. प्रगति एजुकेशन एकेडमी एनजीओ की ओर से समर्पित बिल वाउचर जिसे कल्याण पदाधिकारी अजीत निरल सांगा ने पास किया है, उसमें इसी टेंट हाउस के जेनरेटर का किराया 12 हजार दिखाया गया है.
स्टूडियो वाले के पास न एलसीडी न प्रोजेक्टर : इधर, जब प्रभात खबर की टीम जयनगर रोड कोडरमा स्थित इमेजिन आर्ट स्टूडियो एंड वीडियो मिक्सिंग लैब में जानकारी लेनी पहुंची, तो यहां भी अलग सच्चाई सामने आयी. संचालक मनोज पंडित ने पूछने पर कहा हमने प्रशिक्षण की सिर्फ वीडियो रिकॉर्डिंग की थी. इसके लिए करीब चार हजार रुपये लिए. बाकी मैं नहीं जानता.
यह पूछे जाने पर कि क्या आपने एनजीओ को एलसीडी व प्रोजेक्टर किराये पर नहीं दिया, तो उन्होंने कहा कि हमारे पास न एलसीडी है और न ही प्रोजेक्टर तो किराये पर देंगे कैसे. बता दें कि इस दुकान का बिल अलग-अलग प्रशिक्षण में 44 हजार का लगाया गया है और उसमें यहीं से एलसीडी प्रोजेक्टर किराये पर लिये जाने का जिक्र है.
