काठीकुंड : जनवितरण प्रणाली दुकानदार द्वारा अनाज कम देने के विरोध में ङिाकरा पंचायत की सैकड़ों महिलाओं ने दुमका-पाकुड़ मुख्य मार्ग को घंटे भर के लिए जाम कर दिया. जाम में ङिाकरा, लकड़ापहाड़ी व सालदाहा की महिलाएं शामिल थी जो अपने गांव की ग्राम संगठन की सदस्य भी है.
महिलाओं ने बताया कि ङिाकरा, लकड़ापहाड़ी व सालदाहा की जनवितरण प्रणाली दुकानदार कैरासोल की नारा महिला मंडल है. दुकानदार पर 35 किलो की जगह 32 अनाज देने का आरोप लगाया. इस बाबत काठीकुंड बीडीओ को भी लिखित रूप से सूचित करने की बात उन्होंने कही. लेकिन किसी प्रकार की कार्रवाई न होने के पश्चात अपने अधिकार के लिए उन्हें सड़क पर उतरने को मजबूर होना पड़ा. दोपहर बाद लगे इस जाम के दौरान सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गयी थी और यात्रा कर रहे यात्रााियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी.
जाम को हटाने के लिए स्थानीय थाना प्रभारी एन एस दादेल जाम समर्थकों के पास बात करने को पहुंचे. सारी जानकारी लेने के बाद दुकानदार मोनिका सोरेन को मौके पर बुलाया गया. थाना प्रभारी ने पीडीएस दुकानदार को लाभुकों को पूरे पैंतीस किलो चावल देने की बात कहते हुए जाम को हटाया. काठीकुंड में तीन दिनों के अंदर दो बार जाम की स्थिति बनने से आम जनता, यात्रियों के साथ-साथ प्रशासन को भी काफी मशक्कत का सामना करना पड़ा.
