रोज-रोज के जाम से परेशान हो गये हैं शहरवासी

शहर की आबादी बढ़ी व्यवस्था नहीं आये दिन रहती है जाम की स्थिति सिर्फ 15 जवानों के जिम्मे पूरी व्यवस्था जामताड़ा : जामताड़ा जिले में ट्रैफिक व्यवस्था लचर है. आये दिन लोगों को शहर में जाम की स्थिति से जूझना पड़ रहा है. अभी भी यहां कोई पुख्ता व्यवस्था नहीं है. गौरतलब है कि जामताड़ा […]

शहर की आबादी बढ़ी व्यवस्था नहीं
आये दिन रहती है जाम की स्थिति
सिर्फ 15 जवानों के जिम्मे पूरी व्यवस्था
जामताड़ा : जामताड़ा जिले में ट्रैफिक व्यवस्था लचर है. आये दिन लोगों को शहर में जाम की स्थिति से जूझना पड़ रहा है. अभी भी यहां कोई पुख्ता व्यवस्था नहीं है. गौरतलब है कि जामताड़ा छोटा शहर है. इस कारण यहां पर ट्रैफिक को लेकर उस तरह की गंभीरता भी नहीं दिखती. जिसे जिधर मन किया, उधर से निकलता है. इस स्थिति से निजात के लिए शहर में 15 जवानों को तैनात किया गया है, पर वो व्यवस्था पर्याप्त नहीं. सुबह हो या शाम शहर के मुख्य चौक-चौराहों पर जाम लगा रहता है.
पार्किंग के लिए जगह नहीं
जामताड़ा छोटा शहर है, पर दिनों-दिनों शहर में आबादी बढ़ रही है. लोगों की खरीद की छमता बढ़ी है, तो वाहनों की संख्या भी बढ़ रही है. पर किसी ने भी वाहनों की पार्किंग के लिए जगह की बात नहीं सोची. इस कारण लोग जहां-तहां वाहनों को पार्क कर देते हैं. इससे सुबह आठ बजे से इंदिरा चौक पर जाम लग जाता है, जो दिन भर चलता रहता है. आम लोगों की बात छोड़ दें, सरकारी वाहनों के लिए भी पार्किंग की व्यवस्था नहीं है. मुख्य बाजार भी काफी छोटा है. आम लोग मार्केटिंग करने के लिए बाजार तो जाते हैं, लेकिन पार्किंग की व्यवस्था नहीं रहने के कारण सड़क पर ही वाहन खड़ा कर देते हैं.
करनी होगी व्यवस्था
जाम से निजात के लिए सामूहिक प्रयास की जरूरत है. यहां के लोगों के साथ प्रशासन को मिल कर इसकी व्यवस्था करनी होगी. खास कर बाजार क्षेत्र में नियमों का कठोरता से पालन कराना ही समस्या का समाधान है. इसके लिए जागरूकता अभियान चलाने के साथ व्यवसायियों को इससे जोड़ना होगा.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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