Jamshedpur News : जीके गौतम हत्याकांड : दोबारा जमीन पर दिखने पर लोको पायलट को राज किशोर ने दी थी गोली मारने की धमकी
Jamshedpur News : लोको पायलट जीके गौतम हत्याकांड में पत्नी रीना रानी के बयान पर मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है. दर्ज आवेदन के आधार पर पुलिस विभिन्न बिंदुओं पर छानबीन कर रही है.
जमीन विवाद में हत्या का मामला आया सामने, पत्नी के बयान पर केस दर्ज कर पुलिस ने तेज की जांच
बिहार और पश्चिम बंगाल में छापेमारी, नामजद आरोपी और उसके बेटे फरार
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लोको पायलट जीके गौतम हत्याकांड में पत्नी रीना रानी के बयान पर मामला दर्ज होने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी है. दर्ज आवेदन के आधार पर पुलिस विभिन्न बिंदुओं पर छानबीन कर रही है. दर्ज आवेदन में रीना रानी ने बताया कि हरहरगुट्टू कृष्णा मंदिर के पास बागबेड़ा के मधु कर्मकार से एक एकड़ और 13 डिसमिल जमीन उन्होंने विजय भूमिज से एग्रीमेंट कराये थे. एग्रीमेंट कराने के बाद लोको पायलट जीके गौतम ने राज किशोर को ही जमीन की देखरेख करने की जिम्मेदारी दी थी. लेकिन राज किशोर ने उक्त जमीन को अपना बताकर उसमें से करीब 30 कट्ठा जमीन बेच दी. जानकारी मिलने पर जीके गौतम ने उसे काम से हटा दिया, जिसके बाद दोनों के बीच पैसों को लेकर विवाद शुरू हो गया.
रीना रानी के अनुसार, जब भी जीके गौतम जमीन दिखाने ग्राहकों को लेकर जाते थे, राज किशोर और उसके दोनों बेटे गाली-गलौज कर उन्हें भगा देते थे. कुछ दिन पहले भी ऐसा ही हुआ था, जब उन्हें धमकी दी गयी कि दोबारा जमीन पर आये तो गोली मार देंगे. उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राज किशोर ने कई बार फोन पर जान से मारने की धमकी दी थी और उसी ने साजिश रचकर जीके गौतम की हत्या करायी.
पुलिस जांच तेज, कई संदिग्ध हिरासत में
मामले में पुलिस जमीन कारोबार से जुड़े कई संदिग्धों को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. वहीं, कुछ रेलवे ठेकेदारों के नाम भी जांच के दायरे में आये हैं. सिटी एसपी ललित मीणा ने बताया कि आरोपियों की तलाश में पुलिस टीम बिहार और पश्चिम बंगाल में छापेमारी कर रही है. नामजद आरोपी राज किशोर और उसके दोनों बेटे फिलहाल फरार हैं. बुधवार को सिटी एसपी ने थाना प्रभारियों के साथ बैठक कर मामले के जल्द उद्भेदन और आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर रणनीति बनायी.
आरपीएफ और रेल प्रशासन से पुलिस ले रही मदद
लोको पायलट हत्याकांड की जांच में जिला पुलिस आरपीएफ और रेल प्रशासन की भी मदद ले रही है. स्टेशन परिसर और आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं. साथ ही स्टेशन पार्किंग टेंडर से जुड़े पहलुओं की भी जांच की जा रही है.