अग्रसेन भवन में मारवाड़ी युवा ब्राह्मण संघ की ओर से आयोजित श्रीमद्भागवत कथा
भक्त के वशीभूत हो जाते हैं भगवान(फोटो भागवत जुगसलाई के नाम से सेव है)लाइफ रिपोर्टर @ जमशेदपुर जिसमें अभिमान नहीं होता वे ही ईश्वर के प्रिय बनते हैं. समर्पण की चाह रखने वालों को ही परमात्मा तारते हैं. यह बातें सोमवार को जुगसलाई स्थित अग्रसेन भवन में बाल ब्यास पं विवेक महाराज ने कहीं. वे […]
भक्त के वशीभूत हो जाते हैं भगवान(फोटो भागवत जुगसलाई के नाम से सेव है)लाइफ रिपोर्टर @ जमशेदपुर जिसमें अभिमान नहीं होता वे ही ईश्वर के प्रिय बनते हैं. समर्पण की चाह रखने वालों को ही परमात्मा तारते हैं. यह बातें सोमवार को जुगसलाई स्थित अग्रसेन भवन में बाल ब्यास पं विवेक महाराज ने कहीं. वे श्रीमद्भागवत कथा में प्रवचन कर रहे थे. कथा मारवाड़ी युवा ब्राह्मण संघ की ओर से आयोजित हो रही है. कामनाओं का शमन साधना हैश्रीकृष्ण-रुक्मिणी के पाणिग्रहण की कथा सुनायी गयी. विवेक महाराज ने कहा कि कामनाओं का शमन ही वास्तव में साधना है. नवधा भक्ति से भगवान सहज ही भक्त के वशीभूत हो जाते हैं. ईश्वर का विधान ऐसा है कि पाप का फल तो देर से मिलता है, लेकिन पुण्य का फल तत्काल मिल जाता है. उन्होंने बताया कि संकीर्तन हमेशा अनिष्ट से बचाता है. उन्होंने रास पंचाध्यायी का मार्मिक वर्णन भी किया. इस दौरान सुनीता भारद्वाज ने मंगल गीतों से माहौल को और सरस बना दिया. दिनेश गुप्ता व दुर्गा प्रसाद शर्मा ने आचार्य रमेश और पं बनवारीलाल शर्मा के निर्देशन में ब्यासपीठ की पूजा की. सिंहभूम चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष सुरेश सोंथालिया कथा में शामिल हुए. आज होगा कथा का विश्राममंगलवार को सुखदेव की विदाई, परीक्षित-मोक्ष के साथ ही श्रीमद्भागवत कथा पूरी हो जायेगी. नियमित कथा प्रवचन के बाद पूर्णाहुति हवन होगा और श्रीमद्भागवत पुराण की पूजा होगी. पूर्णाहुति हवन से पहले श्रीकृष्ण के बाल स्वरूप का पंच द्रव्य से अभिषेक होगा. इस अनुष्ठान में स्थानीय भक्त शामलि होंगे.
