सभी निकासी व व्ययन पदाधिकारी को डीसी ने दिया आदेश
कार्यालय में कार्यरत कर्मियों का वेतन भुगतान करने से पूर्व करें जांचहजारीबाग. हजारीबाग कोषागार से पुलिस वेतन मद अवैध निकासी मामले मे जांच प्रक्रिया तेज कर दी गयी है. डीसी शशि प्रकाश सिंह ने जांच के लिये स्पेशल टास्क फोर्स गठित किया है. इसमे छह सदस्यीय पदाधिकारियों को जांच की जिम्मेवारी सौंपी गयी है.
हजारीबाग उपायुक्त ने जिले के सभी कार्यालय के निकासी व व्ययन पदाधिकारी को सरकारी राशि निकासी करने मे सावधानी के साथ जांच कर वेतन भुगतान करने का आदेश दिया है. सभी निकासी में कर्मियों के नाम, पदनाम, जन्म तिथि व अन्य आवश्यक सूचनाओं का मिलान सर्विस बुक से करने के बाद ही वेतन भुगतान करने का निर्देश दिया है. साथ ही निर्देश दिया गया है कि कार्यालय मे वास्तविक रूप से कार्यरत होने पर ही वेतन का भुगतान किया जाये. सभी कर्मियों का वेतन भुगतान के पूर्व बैंक खाता का सत्यापन करें. निकासी एवं व्यय पदाधिकारी द्वारा पासबुक, निर्गत पे स्लिप और वास्तविक कार्यरत कर्मचारी के सर्टिफिकेट जारी होने के बाद ही वेतन मद से भुगतान करने का निर्देश दिया गया है.
कार्यों की विशेष निगरानी रखी जाये डीसी ने आदेश दिया है कि निकासी व व्ययन पदाधिकारी के साथ संबंध तीन वर्ष के अवधि से अधिक समय तक कार्यरत लिपिकों का कार्य हस्तांतरण करें. साथ ही जिस कार्यालय में एक ही लिपिक कार्यरत है उनके कार्यों की विशेष निगरानी रखी जाये.