कटकमसांडी.
कटकमदाग प्रखंड मुख्यालय परिसर में शुक्रवार को जिला स्तरीय कृषि मेला-सह-प्रदर्शनी कार्यक्रम का आयोजन किया गया. मेला कार्यक्रम का उदघाटन कटकमदाग जिला परिषद सदस्य जीतन राम, हजारीबाग जिला सांसद प्रतिनिधि अजय कुमार साहू, इन्द्र नारायण कुशवाहा, प्रखंड प्रमुख कुमारी विनीता, कटकमदाग अंचलाधिकारी सतेन्द्र नारायण पासवान, बीडीओ शिव बालक प्रसाद, जिला कृषि पदाधिकारी रायमुनी हेम्ब्रम ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया. कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग और आत्मा के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस मेले में आधुनिक खेती की तकनीक, उन्नत बीज, जैविक खेती, पशुपालन, मत्स्य पालन और कृषि आधारित स्वरोजगार की जानकारी दी गयी. मेले में कृषि वैज्ञानिकों ने फसल बीमा, मृदा जांच, सिंचाई और यंत्रीकरण पर मार्गदर्शन दिया. इस अवसर पर प्रगतिशील किसानों को सम्मानित कर उन्हें प्रेरित किया गया. वैज्ञानिक तरीकों से खेती कर अधिक लाभ कमाये.
सब्जियों का प्रदर्शनी प्रतियोगिता में खेत की फसल बनी शो-टॉपर
कटकमदाग कृषि मेला केवल जानकारी का मंच नहीं रहा, बल्कि यह किसानों की मेहनत की रंगीन प्रदर्शनी बन गया. मेले में फल, फूल, सब्जी, अनाज, मछली, पोल्ट्री और पशुपालन से जुड़े उत्पादों की प्रतियोगिता आयोजित की गयी. टमाटर, ब्रोकली, मिर्च, आलू, सरसों, मशरूम, गेंदा फूल, गुलाब, स्ट्रॉबेरी, पपीता और अमरूद जैसी फसलों की प्रदर्शनी ने दर्शकों को चकित कर दिया. लगभग 150 किसानों को विभिन्न श्रेणियों में पुरस्कार दिया गया.वैज्ञानिकों ने किसानों को सिखाया स्मार्ट फार्मिंग का मंत्र
कृषि मेला-सह-प्रदर्शनी में आयोजित कृषक गोष्ठी किसानों के लिए ज्ञान का खजाना साबित हुई. वैज्ञानिकों ने उन्नत बीज, आधुनिक कृषि यंत्र, सिंचाई तकनीक और जैविक खेती पर विस्तार से जानकारी दी. आत्मा परियोजना निदेशक ने कहा कि यह मेला किसानों को नई तकनीक अपनाने का अवसर देता है, जिससे उत्पादन बढ़ेगा और लागत घटेगी. उप परियोजना निदेशक मो शमीम ने कहा कि इस मेले का मुख्य उद्देश्य किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक, सरकारी योजनाओं, नवीन कृषि यंत्रों, उन्नत बीजों एवं वैज्ञानिक खेती की जानकारी उपलब्ध कराना है.