हजारीबाग : हजारीबाग जिला लोक समिति और नवभारत जागृति केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में सर्वधर्म समभाव पर परिचर्चा और इफ्तार पार्टी का आयेाजन हुआ. एनबीजेके और लोक समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष गिरिजा सतीश ने मुस्लिम भाइयों का इस्तकबाल किया. कहा कि सर्वधर्म समभाव एक प्रासंगिक विचार है.
एनवीजेके में दावत-ए-इफ्तार
हजारीबाग : हजारीबाग जिला लोक समिति और नवभारत जागृति केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में सर्वधर्म समभाव पर परिचर्चा और इफ्तार पार्टी का आयेाजन हुआ. एनबीजेके और लोक समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष गिरिजा सतीश ने मुस्लिम भाइयों का इस्तकबाल किया. कहा कि सर्वधर्म समभाव एक प्रासंगिक विचार है. उन्होंने कहा कि अधिकांश लोग प्रेम, सेवा, सहायता […]

उन्होंने कहा कि अधिकांश लोग प्रेम, सेवा, सहायता और सम्मान करने के पक्ष में हैं. धार्मिक भेदभाव को दूर करने के प्रयासों को समर्थन देते हैं. शमशेर आलम ने कहा कि हमारी पहचान धर्म से नहीं, बल्कि कर्मों से होती है. मो मोअज्ज़म ने बताया कि हर धर्म का उद्देश्य सत्य की प्राप्ति है. मो खालिद ने कहा कि उपवास या रोजा का अर्थ एक ही है और ईश्वर स्मरण का यह तरीका सभी धर्मों में पाया जाता है.
अर्जुन यादव ने धार्मिक विवादों के लिए पढ़े-लिखे शहरी लोगों को जिम्मेवार मानते हुए सामाजिक एकता की जरूरत पर बल दिया. इस्लाम खान ने कहा कि धर्म तो एक ही है, पंथ अलग-अलग हैं. परिचर्चा में स्वरूपचंद जैन, अवधेश पांडेय, डॉ विश्वनाथ आजाद, भगवान सिंह, उषा बहन आदि प्रमुख थे. धन्यवाद ज्ञापन एनबीजेके के संस्थापक मंत्री सतीश गिरिजा ने किया. मंच संचालन शंकर राणा ने किया. कार्यक्रम में राजीव सिंह, मो नईम, सुजीत मिश्र, ओमप्रकाश गुप्ता, शत्रुघ्न ठाकुर शामिल थे.