पड़हा के प्रणेता भीखराम भगत की पुण्यतिथि मनी

पड़हा के प्रणेता भीखराम भगत की पुण्यतिथि मनी

By Prabhat Khabar News Desk | January 6, 2026 8:44 PM

रायडीह. मूली पड़हा गुमला द्वारा रायडीह प्रखंड के मांझाटोली धूमकुड़िया भवन में पड़हा प्रणेता भीखराम भगत की जयंती मनायी गयी. सर्वप्रथम कार्तिक उरांव व भीखराम भगत की तस्वीर पर माल्यार्पण व अन्ना आदि प्रार्थना कर कार्यक्रम की शुरुआत की गयी. मूली पड़हा के देवान चुइयां कुजूर ने बताया कि 1962 में पारंपरिक पड़हा का पुनर्गठन किया गया था. आज झारखंड सरकार ने पेसा नियमावली लागू कर दी है. पड़हा की तमाम बातें नीति निर्णय दंड जल जमीन खनिज पर निर्णय का अधिकार पारंपरिक ग्राम को मिला है. ग्राम सभा की बैठक अध्यक्षता के लिए पड़हा बेल पड़हा राजा को अधिकार मिलना पड़हा के लिए भी गर्व की बात है. मूली कोटवार देवेंद्र लाल उरांव ने बताया कि समाज को सामाजिक, धार्मिक, पारंपरिक, सांस्कृतिक और न्यायिक रूप से मजबूत करने के लिए कार्तिक उरांव व भीखराम भगत ने पड़हा का पुनर्गठन किया था. उप देवान सोनो मिंज ने कहा कि जिले भर में प्रत्येक राजस्व गांव में पारस्परिक पड़हा का गठन हो. शांति मिंज ने कहा कि ग्राम सभा व पड़हा की मजबूती से ही समाज व संसाधनों की रक्षा होगी. मौके पर मूली पड़हा के उप कोटवार फूलमनी उरांव, उप कहतो पुष्पा उरांव, पड़हा पड़हा बेल शशिकांत बेक, देवान सोमेश्वर टाना भगत, मंगरा उरांव, सीताराम उरांव, राजू उरांव मौजूद थे.

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