गुमला. गुमला के बहुचर्चित मुरकुंडा लैंपस घोटाले में आखिरकार पुलिस कार्रवाई शुरू हो गयी है. लंबे समय से सुर्खियों में रहे इस मामले में गुमला थाना ने पूर्व सचिव राम जनम साहू के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है और उनकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है. जानकारी के अनुसार, जिला सहकारिता पदाधिकारी के निर्देश पर सहकारिता प्रसार पदाधिकारी चंदन कुमार बेरा ने थाना में लिखित आवेदन देकर मामला दर्ज कराया. इस आधार पर गुमला थाना कांड संख्या 162/26, दिनांक एक मई 2026 को दर्ज किया गया. मामले की जांच की जिम्मेदारी पुअनि राजेंद्र कुमार को सौंपी गयी है.
क्या है मामला
मुरकुंडा लैंपस में वित्तीय अनियमितता व प्रशासनिक लापरवाही का मुद्दा तब सामने आया, जब करीब 30 लाख रुपये के गबन का आरोप लगा. आरोप है कि पूर्व सचिव राम जनम साहू ने वित्तीय गड़बड़ी के साथ-साथ नयी चयनित कमेटी को तीन वर्षों तक कार्यभार नहीं सौंपा. 27 सितंबर 2023 को नयी कमेटी का चुनाव हुआ था और 14 दिसंबर 2023 को इसकी आधिकारिक घोषणा कर दी गयी थी. इसके बावजूद पदभार हस्तांतरण नहीं होना गंभीर सवाल खड़े करता रहा. वहीं वर्ष 2025-26 के ऑडिट में बड़े पैमाने पर गड़बड़ियां उजागर होने के बाद मामला और गंभीर हो गया.
रिकॉर्ड नहीं सौंपना बना कार्रवाई का आधार
प्राथमिकी दर्ज होने का मुख्य कारण संबंधित अभिलेखों का जमा नहीं किया जाना है. जिला सहकारिता पदाधिकारी द्वारा 18 अप्रैल और 28 अप्रैल 2026 को जारी दो अलग-अलग पत्रों के बावजूद पूर्व सचिव ने रिकॉर्ड नहीं सौंपे. मामले के उजागर होने के बाद विभाग ने संज्ञान लिया और पुलिस कार्रवाई के निर्देश दिये. फिलहाल पुलिस पूरे प्रकरण की गहन जांच में जुटी हुई है.
