प्रकृति पूजा का पर्व है सरहुल : मिशिर कुजूर

लोग गाजे-बाजे के साथ पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए रायडीह : प्रखंड मुख्यालय में बुधवार को सरहुल धूमधाम से मनाया गया. कृषि फार्म स्थित सरना धर्म स्थल पर पाहन पुजार दीपक बैगा, टुना बैगा, मलकन बैगा व विश्राम पुजार की अगुवाई में पूजा-अर्चना की गयी. इसके बाद सरना स्थल से शोभा यात्रा निकाली गयी. शोभा […]

लोग गाजे-बाजे के साथ पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए
रायडीह : प्रखंड मुख्यालय में बुधवार को सरहुल धूमधाम से मनाया गया. कृषि फार्म स्थित सरना धर्म स्थल पर पाहन पुजार दीपक बैगा, टुना बैगा, मलकन बैगा व विश्राम पुजार की अगुवाई में पूजा-अर्चना की गयी.
इसके बाद सरना स्थल से शोभा यात्रा निकाली गयी. शोभा यात्रा में लोग गाजे-बाजे के साथ पारंपरिक वेशभूषा में शामिल हुए. मुख्य अतिथि मिशिर कुजूर ने कहा कि सरहुल प्रकृति की पूजा का पर्व है. हमें प्रकृति की पूजा ही नहीं, बल्कि हमें इसे बचाने के लिए भी तत्पर रहने की जरूरत है. मौके पर थानेदार राजेश कुमार सिंह, स्माइल कुजूर, विनय कुमार लाल, बसंत कुमार लाल, हिमांशु, बुटटु दास, कमल किशोर सिंह सहित अन्य मौजूद थे.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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