चिहारो पहाड़ के श्मशान घाट जाने वाली कच्ची सड़क का नहीं हो सका पक्कीकरण

आवाजाही करने वालों के लिए परेशानी का सबब बनी कच्ची सड़क, मंत्री से पहल की उम्मीद

पथरगामा प्रखंड के चिहारो पहाड़ स्थित शमशान घाट जाने वाली कच्ची सड़क की हालत बदहाल नजर आ रही है. मालूम हो कि श्मशान घाट जाने वाले रास्ते में कई बड़े-छोटे गड्ढे हो चुके हैं, जिस कारण से यह रास्ता आवाजाही करने वालों के लिए परेशानी का सबब बन चुका है. मालूम हो कि अब तक चिहारो पहाड़ के पीछे श्मशान घाट जाने वाली सड़क का पक्कीकरण नहीं हो सका है. विदित हो कि झारखंड के श्रम नियोजन मंत्री सह गोड्डा विधानसभा सीट से निर्वाचित राजद विधायक संजय प्रसाद यादव से जनता उम्मीद कर रही है कि वे चिहारो पहाड़ श्मशान घाट तक जाने वाली कच्ची सड़क को पक्कीकरण कराये जाने की दिशा में सकारात्मक पहल करेंगे.

बारिश के मौसम में चलने लायक भी नहीं रह जाता है रास्ता

बता दें कि दाह संस्कार कार्यों के अलावा प्रत्येक दिन सुबह-शाम दौड़ का अभ्यास करने वाले क्षेत्र के युवा वर्ग श्मशान घाट के रास्ते मैदान पहुंचा करते हैं. इसके साथ ही कई लोग योगा, व्यायाम करने भी श्मशान घाट के पीछे मैदान को जाते हैं. लोगों का कहना है कि बारिश के मौसम में श्मशान घाट का टेढ़ा-मेढ़ा कच्चा रास्ता चलने लायक नहीं रह जाता है. कच्ची सड़क पर कई दिनों तक जल-जमाव व कीचड़ पसरा रहता है. इस संबंध में चिहारो पहाड़ चैती दुर्गा पूजा समिति के अध्यक्ष संतोष कुमार महतो, पूर्व मुखिया गोपाल कृष्ण दास, रतन महतो, सत्यप्रकाश पंडित, श्याम कुमार दास, विकास यादव, प्रसिद्धम, नंदू, सोनू आदि का कहना है कि उक्त सड़क के दुर्दशा की वजह से पैदल चलने वालों को सावधानी बरतनी पड़ती है. खासतौर पर अंधेरा होने के बाद सड़क पर दुर्घटना की संभावना बढ़ जाती है. ग्रामीणों का कहना है कि कच्ची सड़क के पक्कीकरण कराये जाने की मांग ग्रामीणों द्वारा समय-समय पर उठायी जाती रही है. इसके बावजूद इस दिशा में कार्य धरातल पर नजर नहीं आ रहा. ग्रामीणों का कहना है कि शमशान घाट में पहुंचने के लिए पक्की सड़क का निर्माण हो जाये, तो लोगों को काफी सुविधा मिलेगी.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: SANJEET KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >