प्रतिनिधि, महागामा महागामा नगर पंचायत क्षेत्र के मुख्य सड़क पर प्रशासनिक कार्रवाई के बावजूद नो इंट्री का पालन नहीं होने से सड़क दुर्घटना की संभावना बनी रहती है. शहर में लगनेवाले जाम से निजात दिलाने और भारी वाहनों से होनेवाली दुर्घटना पर लगाम लगाने के लिए अनुमंडल प्रशासन की ओर से शहर में नो इंट्री लागू की गयी है. विडंबना यह है कि नो इंट्री का पालन नहीं हो रहा है. प्रशासन द्वारा बनाये गये नो इंट्री के नियमों का भारी वाहन चालकों द्वारा धज्जियां उड़ायी जा रही है. इससे लोगों की परेशानी बढ़ गयी है. नो इंट्री के बावजूद महागामा के मुख्य सड़क से शहर में अंदर ट्रक और भारी वाहनों का आगमन हो रहा है. वाहन चालकों को इसकी जानकारी होने के बावजूद भी नो इंट्री में घुस जाते हैं. कार्रवाई से बचने के लिए जल्दी शहर से निकलने की कोशिश में तेज रफ्तार में वाहन का परिचालन करते हैं. हादसे की संभावना बनी रहती है. विशेष कर मोहनपुर चौक, बसुवा चौक, केंचुआ चौक पर सड़क दुर्घटना की संभावना बनी रहती है. तीन महीने के दौरान अब तक प्रशासनिक स्तर से नो इंट्री का उल्लंघन करने वाले लगभग आधा दर्जन भारी वाहनों को जब्त कर कार्रवाई की गयी. इसके बावजूद वाहन चालकों में इसका खौफ नहीं है. बीते तीन दिन पूर्व एसडीओ आलोक वरन केसरी ने महागामा मुख्य सड़क से नो इंट्री का उल्लंघन करने वाले तीन हाइवा को जब्त किया था. भारी वाहन के परिचालन से विशेष कर स्कूली बच्चों को आवागमन में परेशानी होती है. लोगों ने बताया कि नो इंट्री लागू करने का निर्णय प्रशासन का अच्छा कदम है. एसडीओ आलोक वरन केसरी ने कहा कि सुबह छह बजे से रात 10 बजे तक नो इंट्री लगती है. उल्लंघन करनेवाले चालकों पर कार्रवाई की जाती है.
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