बोआरीजोर प्रखंड के सभागार भवन में पंचायत सचिव, रोजगार सेवक व जूनियर इंजीनियर की बैठक आयोजित की गयी, जिसकी अध्यक्षता डीडीसी स्मिता टोप्पो ने किया. उन्होंने पंचायतवार आवास योजना एवं मनरेगा योजना की समीक्षा की और पंचायत सचिव व रोजगार सेवक को फटकार लगाते हुए वेतन बंद करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि वर्ष 2016 से 2022 तक में 163 प्रधानमंत्री आवास पेंडिंग है. अबुआ आवास योजना में पंचायत सचिव द्वारा शिथिलता बरती गयी है, यह गंभीर बात है. उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि लाभुकों को प्रेरित कर आवास निर्माण करने में सहयोग करें और प्रखंड दिवस को छोड़कर प्रत्येक दिन पंचायत सचिवालय में बायोमेट्रिक हाजिरी सुबह-शाम अवश्य लगायें. उसी के अनुसार वेतन बनेगा, अन्यथा वेतन में कटौती होगी और प्रत्येक गुरुवार को पंचायत सचिवालय में लाभुकों के साथ बैठक कर फोटो को अपलोड अवश्य करें. उन्होंने मनरेगा योजना की समीक्षा करते हुए रोजगार सेवक को कड़ी फटकार लगाते हुए कहा कि मजदूर की मजदूरी लापरवाही के कारण नहीं मिल पा रहा है, यह गंभीर मामला है. उन्होंने चार दिनों के अंदर मजदूरों की समस्याओं को समाधान करने का निर्देश दिया और कहा कि वर्षा ऋतु आरंभ हो जाएगी और कुआं का काम शुरू करने में परेशानी होगी. इसलिए कुआं के खुदाई का कार्य शीघ्र शुरू कर 50 हजार की राशि लाभुक को भुगतान करें. सरकार के पास राशि की कमी नहीं है. उन्होंने लापरवाही बरतने वाले रोजगार सेवक के भी वेतन बंद करने का निर्देश दिये. मौके पर बीडीओ मिथिलेश कुमार सिंह, बीपीओ रमेश कुमार, तारीक अजीज, आनंद मरांडी, सुरेश मरांडी, राहुल कुमार, मुन्ना कुमार, शशिधर यादव, अभय कुमार, पूजहर मुर्मू, अब्दुल हलीम, मुजाहिद अनवर, योगेंद्र पासवान, मुरलीधर महतो, शाहनवाज हुसैन, नुरुल इस्लाम आदि उपस्थित थे.
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