प्रतिनिधि, पोड़ैयाहाट पोड़ैयाहाट प्रखंड में जनगणना कार्य की धीमी प्रगति को लेकर प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है. प्रखंड सभागार में आयोजित विशेष बैठक में बीडीओ फुलेश्वर मुर्मू ने सभी प्रगणकों को स्पष्ट निर्देश दिए कि वे रोजाना कम से कम 20-25 घरों का डाटा संग्रह कर शाम तक मोबाइल ऐप पर अपलोड करें. उन्होंने कहा कि जनगणना राष्ट्रीय महत्व का कार्य है और इसके आधार पर ही योजनाओं का निर्धारण होता है. बैठक में प्रगणकों ने ऐप हैंग होने, नेटवर्क समस्या और डाटा वेरिफिकेशन में आ रही कठिनाइयों को सामने रखा. बीडीओ ने मौके पर ही तकनीकी टीम को बुलाकर समस्याओं का समाधान कराया. पंचायत सचिवों को भी निर्देश दिया गया कि वे अपने क्षेत्र के प्रगणकों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य में सहयोग करें. बीडीओ ने ‘घर-घर दस्तक अभियान’ चलाने का आदेश दिया ताकि कोई भी परिवार जनगणना से वंचित न रहे. उन्होंने आदिवासी बहुल गांवों में स्थानीय भाषा और व्यवहार के साथ लोगों को जनगणना का महत्व समझाने पर जोर दिया. महिला प्रगणकों को महिला सदस्यों से जानकारी लेने की जिम्मेदारी दी गई ताकि आंकड़े सटीक हों. उन्होंने चेतावनी दी कि बिना वजह काम में लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई की जाएगी. बैठक के अंत में बीडीओ ने कहा कि राज्य सरकार और जिला प्रशासन लगातार प्रगति की निगरानी कर रहा है. उन्होंने सभी प्रगणकों से अपील की कि वे जिम्मेदारी समझकर कार्य करें क्योंकि समय पर सटीक डाटा ही पोड़ैयाहाट प्रखंड की सही तस्वीर सामने लाएगा.
रोजाना 20-25 घरों का जनगणना डाटा संग्रह अनिवार्य: बीडीओ
पोड़ैयाहाट प्रखंड में जनगणना कार्य में धीमी प्रगति को लेकर प्रखंड प्रशासन ने प्रगणकों के साथ विशेष बैठक की। बीडीओ फुलेश्वर मुर्मू ने दैनिक 20-25 घरों का डाटा ऐप पर अपलोड करने के निर्देश दिए। प्रगणकों ने तकनीकी दिक्कतें बताईं, जिन्हें तुरंत समाधान किया गया। ‘घर-घर दस्तक अभियान’ चलाकर जनगणना को पूरी सावधानी से पूरा करने का निर्देश दिया गया। लापरवाही करने वालों पर कार्रवाई की चेतावनी भी दी गई। सभी से जिम्मेदारी पूर्वक कार्य करने की अपील की गई।
