23 फरवरी को गिरिडीह नगर निगम चुनाव के दौरान हुई फायरिंग में गंभीर रूप से घायल मो शमीम अंसारी की इलाज के दौरान बुधवार को मौत हो गयी. शमीम के सिर में गोली लगी थी. धनबाद के एसएनएमएमसीएच में मेडिकल बोर्ड गठित कर उसके शव का पोस्टमार्टम किया गया. पूरी प्रक्रिया की वीडियोग्राफी करायी गयी. चिकित्सकों के अनुसार, शमीम के सिर के पिछले हिस्से में गोली लगी थी, जिससे मस्तिष्क को गंभीर क्षति पहुंची. आगे की जांच के लिए विसरा सुरक्षित रखा गया है. इधर, गिरिडीह पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए मुख्य आरोपी शिवम कुमार श्रीवास्तव उर्फ शिवम आजाद समेत पांच लोगों को गिरफ्तार किया है. हत्या में प्रयुक्त देशी पिस्टल और जिंदा गोली भी बरामद की गयी है. पुलिस अधीक्षक डॉ विमल कुमार ने बुधवार को समाहरणालय के सभाकक्ष में पत्रकारों को बताया कि घटना के तुरंत बाद आरोपितों की गिरफ्तारी के लिए एसआइटी गठित की गयी थी. चार अलग-अलग टीमों ने विभिन्न स्थानों पर छापेमारी की. मुख्य आरोपी शिवम आजाद को दुर्गापुर एयरपोर्ट से पकड़ा गया, जबकि उसके सहयोगियों अमित विश्वकर्मा, आकाश हाड़ी, मंजीत पासवान और किशोर पासवान को अलग-अलग स्थानों से गिरफ्तार किया गया. तलाशी के दौरान कांड में प्रयुक्त देशी पिस्टल और जिंदा गोली बरामद हुई. एसपी ने बताया कि शिवम आजाद के खिलाफ पूर्व से मुफस्सिल और नगर थाना क्षेत्र में 13 आपराधिक मामले दर्ज हैं. छापेमारी दल में डीएसपी कौशर अली, डीएसपी नीरज कुमार सिंह, साइबर डीएसपी आबिद खान, एसडीपीओ सुमित कुमार, एसडीपीओ धनंजय कुमार, एसडीपीओ कैलाश प्रसाद महतो, डीएसपी नीलम कुजूर समेत कई पुलिस अधिकारी भी शामिल थे.
कोर्ट परिसर के बाहर महिलाओं ने शिवम आजाद के समर्थन में की नारेबाजी
बताते चलें कि वार्ड 18 के बूथ संख्या चार पर चुनाव के दौरान अंधाधुंध फायरिंग हुई थी, जिसमें दो लोग घायल हुए थे. बक्सीडीह रोड भंडारीडीह निवासी मो. शमीम अंसारी को सिर में गोली लगी थी. इलाज के दौरान उनकी मौत हो गयी, जबकि दूसरे घायल शेरू अंसारी का इलाज जारी है. गिरफ्तारी के बाद पांचों आरोपितों को गिरिडीह मुफस्सिल थाना लाकर करीब दो घंटे तक पूछताछ की गयी. एसआइटी प्रभारी सह एसडीपीओ जीतवाहन उरांव के नेतृत्व में टीम ने कई अहम जानकारियां जुटायीं. मेडिकल जांच के बाद आरोपितों को कोर्ट में पेश कर भारी सुरक्षा के बीच जेल भेज दिया गया. कोर्ट परिसर के बाहर कुछ महिलाओं ने शिवम आजाद के समर्थन में नारेबाजी की और साजिश के तहत फंसाने का आरोप लगाया. इधर, पुलिस पूरे मामले की बहुस्तरीय जांच में जुटी है और अन्य पहलुओं पर भी कार्रवाई की तैयारी की जा रही है.
