नक्सली कांडों में नामजद अभियुक्त और पारसनाथ पहाड़ की तराई स्थित मोहनपुर गांव निवासी एतवारी मांझी उर्फ संत उर्फ शनीचरवा की न्यायिक हिरासत में इलाज के दौरान मौत हो गई. मौत के बाद रविवार को पुलिस ने आवश्यक प्रक्रिया पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिया.
शव के गांव पहुंचते ही परिजनों में कोहराम मच गया और पूरा गांव शोक में डूब गया. ग्रामीणों एवं परिजनों का कहना है कि एतवारी के निधन से परिवार को गहरा आघात पहुंचा है. बताया जाता है कि एतवारी मांझी विभिन्न नक्सली मामलों में नामजद अभियुक्त था. बीते माह उसने अपने दर्जनों नक्सली साथियों के साथ रांची में पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर हिंसा का रास्ता छोड़कर मुख्यधारा में लौटने की पहल की थी.
इसके बाद वह पुलिस-प्रशासन के समक्ष आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में शामिल हो गया था. न्यायिक हिरासत में इलाज के दौरान उसकी मौत के बाद पुलिस ने शव को परिजनों को सौंप दिया. मामले को लेकर गांव में शोक का माहौल बना हुआ है.
