जेपीएससी और जेएसएससी की परीक्षाओं के आयोजक टीडीपीएल कंपनी के मार्केटिंग प्रबंधक मनोज उर्फ अभय तिवारी के पकड़ाने और उसका तार बेंगाबाद से जुड़ने के बाद संलिप्तों की संपत्ति की जांच की मांग तेज हो गयी है. परेशान स्थानीय छात्रों ने सीआइडी के सार्वजनिक नंबर पर शिकायत की है.
कई छात्र डिप्रेशन के शिकार हुए हैं
पीड़ित छात्रों ने कहा है कि जेपीएससी और जेएसएससी की परीक्षाओं में अभय तिवारी ने साठगांठ कर क्षेत्र के कई छात्रों से मोटी उगाही की है. इसमें जेएसएससी की परीक्षा के तहत एमओ, एएसओ, अंचल निरीक्षक जैसे पदों पर पोस्टिंग कराने में भी सफल रहे हैं.
अभ्यर्थी जेपीएससी पीटी, आरएफओ, पुलिस सहित अन्य पदों पर उत्तीर्ण रहे. इधर, दिन-रात मेहनत करने वाले छात्रों के साथ नाइंसाफी हो रही है और वे डिप्रेशन में चले जा रहे हैं. ऐसे में इन सेटरों की अर्जित अकूत संपत्ति की जांच कर कार्रवाई और पैसे के बल पर नौकरी करने वाले छात्रों को बर्खास्त कर जेल भेजने की मांग की है.
अभय तिवारी के दो साला अभी भी फरार
बताया जाता है कि अभय तिवारी के साथ सेटिंग करने के मामले में उसके ससुराल वालों की भी बड़ी भूमिका है. उसके दो साला सीआइडी की नोटिस के बाद भी फरार चल रहे हैं. एएसओ में चयनित अभय तिवारी की पत्नी भी लापता है. वहीं, पुलिस टीम दो दिन पूर्व अभय तिवारी के ससुर विकास पांडेय को पूछताछ के लिए रांची ले गयी थी. हालांकि, पूछताछ के बाद उन्हें छोड़ दिया गया है.
बेंगाबाद पुलिस सक्रिय
इधर, अभय तिवारी के साथ सेटिंग कर छात्रों से राशि वसूली कर नौकरी दिलाने वाले क्षेत्र से गायब हो गये हैं. रांची में छात्रों के प्रोटेस्ट के बाद बेंगाबाद में भी इन सेटरों पर सीआइडी की कार्रवाई की उम्मीद जगी है.
कई छात्र प्रोटेस्ट में शामिल होने रांची के लिए रवाना होने का मूड बना रहे हैं. इधर, बेंगाबाद पुलिस भी सक्रिय है और जैसे ही वरीय अधिकारियों का सिग्नल मिलता है चिह्नित सेटरों पर कार्रवाई करने को तत्पर है.
