गिरिडीह, (धर्मेंद्र गुप्त) : एक करोड़ रुपये के इनामी हार्डकोर नक्सली मिसिर बेसरा को आत्मसमर्पण के लिए प्रेरित करने की दिशा में पुलिस ने अपनी कोशिशें तेज कर दी हैं. इसी क्रम में मंगलवार को एएसपी सुरजीत कुमार और एसडीपीओ सुमित प्रसाद गिरिडीह जिला स्थित खुखरा थाना क्षेत्र के हरलाडीह ओपी अंतर्गत मंदनाडीह गांव स्थित उसके घर पहुंचे. यहां अधिकारियों ने उसके परिजनों से मुलाकात कर सरकार की आत्मसमर्पण और पुनर्वास नीति की विस्तार से जानकारी दी.
अधिकारियों ने आत्मसमर्पण नीति के तहत मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी दी
अधिकारियों ने बताया कि झारखंड सरकार की नीति के तहत आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को कानूनी राहत के साथ-साथ पुनर्वास के लिए आर्थिक और सामाजिक सहायता भी दी जाती है. उनका उद्देश्य ऐसे लोगों को मुख्यधारा में वापस लाना है, ताकि वे सामान्य जीवन जी सकें. बैठक के दौरान पुलिस अधिकारियों ने परिजनों से अपील की कि वे किसी भी माध्यम से मिसिर बेसरा तक संदेश पहुंचाएं और उसे हिंसा का रास्ता छोड़ने के लिए समझाएं.
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परिजनों ने अधिकारियों को दिया भरोसा
पुलिस का मानना है कि परिवार के जरिये संवाद स्थापित कर उसे आत्मसमर्पण के लिए राजी किया जा सकता है. बैठक के बाद परिजनों ने भी आश्वासन दिया कि वे उससे संपर्क करने की कोशिश करेंगे और उसे आत्मसमर्पण के लिए मनाने का प्रयास करेंगे. अधिकारियों ने कहा कि क्षेत्र में शांति और विकास के लिए नक्सल गतिविधियों पर रोक जरूरी है. इस दिशा में आत्मसमर्पण नीति एक प्रभावी कदम साबित हो सकती है. मौके पर कई पुलिस पदाधिकारी मौजूद रहे.
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