पूर्व विधायक ने वर्तमान विधायक की भूमिका पर उठाये सवाल, अनंत प्रताप देव बोले- अपनी विफलता छिपाने के लिए अनर्गल प्रलाप कर रहे हैं भानु
अविनाश की रिपोर्ट
गढ़वा . खरौंधी की एक सड़क योजना को लेकर भवनाथपुर के पूर्व विधायक भानु प्रताप शाही और वर्तमान विधायक अनंत प्रताप देव के बीच एक बार फिर सियासी तकरार सामने आयी है. पूर्व विधायक भानु प्रताप शाही ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए खरौंधी मेन रोड से डोमनी नदी तक बनने वाली पीसीसी सड़क के शिलान्यास को लेकर वर्तमान विधायक पर सवाल उठाया है.
अनुशंसा पत्र जारी कर उठाये सवाल
भानु प्रताप शाही ने पूछा कि जिस सड़क का शिलान्यास वर्तमान विधायक ने किया है, उसकी स्वीकृति दिलाने में उनका क्या योगदान है. उन्होंने अपने दावे के समर्थन में सड़क योजना की अनुशंसा से संबंधित पत्र भी सोशल मीडिया पर जारी किया है. पूर्व विधायक का दावा है कि उक्त सड़क की अनुशंसा उनके द्वारा की गयी थी और योजना को स्वीकृति दिलाने में भी उनकी भूमिका रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार और सत्ता पक्ष का हिस्सा होने के बावजूद वर्तमान विधायक दो वर्षों में क्षेत्र के लिए एक भी नयी योजना स्वीकृत नहीं करा सके.
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करीबी व्यक्ति को टेंडर दिलाने के लिए योजना को 2 वर्षों तक रोका
भानु प्रताप शाही ने यह भी आरोप लगाया कि अपने करीबी व्यक्ति को टेंडर दिलाने के लिए योजना को दो वर्षों तक रोक कर रखा गया. उन्होंने कहा कि यदि वर्तमान विधायक अपने स्तर से कोई नयी योजना स्वीकृत कराते और उसके बाद उनकी आलोचना करते, तो उन्हें कोई आपत्ति नहीं होती. लेकिन उनकी ओर से पहले अनुशंसित योजना का शिलान्यास कर उसे अपनी उपलब्धि बताना उचित नहीं है. पूर्व विधायक की सोशल मीडिया पोस्ट के बाद खरौंधी की सड़क योजना को लेकर क्षेत्र में राजनीतिक चर्चा तेज हो गयी है.
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क्या कहते हैं वर्तमान विधायक
भवनाथपुर के विधायक अनंत प्रताप देव ने भानु प्रताप शाही के आरोपों पर पलटवार किया. उन्होंने कहा कि अपनी विफलता छिपाने के लिए भानु प्रताप शाही अनर्गल प्रलाप कर रहे हैं. विधायक ने कहा कि 15 वर्षों तक विधायक रहने के बावजूद भानु प्रताप शाही क्षेत्र की बुनियादी समस्याओं का समाधान नहीं कर सके. अब जब समस्याओं के स्थायी समाधान की दिशा में कदम बढ़ाया जा रहा है, तो उनकी बेचैनी बढ़ गयी है.
