गढ़वा: पलामू संसदीय क्षेत्र के सांसद विष्णु दयाल राम ने नई दिल्ली स्थित रेल भवन में रेलवे बोर्ड के अध्यक्ष सतीश कुमार से मुलाकात कर एक महत्वपूर्ण पत्र सौंपा. सांसद ने केंद्र सरकार द्वारा स्वीकृत प्रस्तावित अंबिकापुर-रामानुजगंज-गढ़वा नई रेल लाइन के वर्तमान अलाइनमेंट (मार्ग) में संशोधन करने की पुरजोर वकालत की. उन्होंने गढ़वा जिले के अत्यंत पिछड़े और सुदूरवर्ती बड़गढ़ एवं भंडरिया प्रखंडों को भी इस रेल नेटवर्क में शामिल करने का कड़ा अनुरोध किया. इसके साथ ही उन्होंने वर्षों से लंबित बरवाडीह-चिरमिरी-अंबिकापुर रेल लाइन परियोजना को भी जल्द से जल्द प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान करने की मांग रखी.
प्रस्तावित अलाइनमेंट से बड़गढ़-भंडरिया को बाहर रखने पर भारी आक्रोश
सांसद वीडी राम ने रेलवे बोर्ड अध्यक्ष को बताया कि अंबिकापुर-गढ़वा रेल लाइन की स्वीकृति से पूरे क्षेत्र में खुशी है, लेकिन वर्तमान अलाइनमेंट में बड़गढ़ और भंडरिया जैसे भौगोलिक रूप से दुर्गम क्षेत्रों को छोड़ दिया गया है. इससे स्थानीय नागरिकों, जनप्रतिनिधियों और सामाजिक संगठनों में भारी निराशा व आक्रोश है. इन क्षेत्रों के लोग दशकों से रेल सेवा की मांग कर रहे हैं और वर्तमान में बड़गढ़-भंडरिया को रेल मार्ग से जोड़ने के लिए लगातार जनआंदोलन व प्रदर्शन भी हो रहे हैं.
रेल संपर्क से बदलेगी बड़गढ़ और भंडरिया की तस्वीर
सांसद ने अध्यक्ष के समक्ष पक्ष रखते हुए कहा कि बड़गढ़ और भंडरिया आज भी सड़क, बेहतर स्वास्थ्य, उच्च शिक्षा और रोजगार के साधनों के मामले में काफी पिछड़े हुए हैं. यदि इस नई रेल लाइन या लिंक रेल लाइन के माध्यम से इन दोनों प्रखंडों को जोड़ दिया जाता है, तो यहां के ग्रामीणों को सुगम आवागमन की सुविधा मिलेगी. इसके अलावा स्थानीय कृषि और वन उत्पादों (माइनर फॉरेस्ट प्रोड्यूस) के बड़े बाजारों तक विपणन को बढ़ावा मिलेगा. क्षेत्र में उद्योग व निवेश की संभावनाएं बढ़ेंगी, जिससे बड़गढ़ व भंडरिया के समग्र सामाजिक व आर्थिक विकास को नई दिशा मिलेगी.
