गढ़वा : अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद द्वारा जेएनयू दिल्ली में हुए राष्ट्रविरोधी गतिविधियों को लेकर गढ़वा जिला मुख्यालय में शुक्रवार को राष्ट्र प्रथम नामक मार्च का आयोजन किया गया.
स्थानीय शहीद नीलांबर नगर भवन के पास से मझिआंव मोड़ तक आक्रोश रैली निकाली गयी तथा रंका मोड़ पहुंच कर सभा में तब्दील हो गयी. सभा को संबोधित करते हुए विवि संयोजक राकेश पाठक ने कहा कि जेएनयू में घटित घटना पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित है और इसे प्रश्रय देनेवाले लोग वोट की राजनीति कर रहे हैं. केंद्र सरकार को इस पूरे प्रकरण पर कड़ाई से निबटना होगा और देशद्रोहियों को फांसी की सजा देनी होगी.
प्रदेश कार्यसमिति सदस्य आशीष वैद्य, बालमुकुंद दुबे, अनुज सिंह, जिला सह संयोजक सुनील मेहता, नगर मंत्री अंकित दुबे, ने सभा को संबोधित करते हुए कहा कि जेएनयू की घटना काफी दुखदायी है. यह किसी भी स्तर से स्वीकार करने योग्य नहीं है. देश की एकता व अखंडता को बचाने के लिए तथा देश को आजादी दिलाने के लिए अनेकों लोगों ने अपनी शहादत दी है.
लेकिन उनके शहादत को नजरअंदाज करते हुए एक आतंकी जो सर्वोच्च न्यायालय की ओर से सजायाफ्ता है, उसे शहीद के रूप में घोषित करना काफी निंदनीय हैं. ऐसे मौके पर पूरे देशवासियों को एकता दिखाने की जरूरत है न कि राजनीतिक रूप में अलग-अलग बंटने की. मौके पर सोनू सिंह, राजन रजक, सुदीप, अंगद गुप्ता, शैलेश पाल, सुरेद्र, रुपेश पाल, श्यामलाल राम, संतोष राम, चंदन, कौशलेश, भारत भूषण, शशांंक, शेखर शुक्ला, शेखर सुमन, इरशाद आदि उपस्थित थे.
