रंका(गढ़वा) : पलामू जिला के छतरपुर के काला पहाड़ में बुधवार को हुए बम विस्फोट में शहीद जवान सुरेंद्र यादव का शव गुरुवार को पैतृक गांव रंका थाना के सिंजो में पहुंचते ही कोहराम मच गया. पूरे गांव में मातम छा गया.
सुरेंद्र यादवके नक्सली घटना में शहीद होने की खबर घरवालों को बुधवार की रात्रि में ही मिल गयी थी. पिता पुरन यादव बार-बार बेहोश हो जा रहे थे.
मां और पत्नी का रो-रोकर बुरा हाल था. शहीद जवान का छोटा भाई सुनील यादव ने बताया कि सुरेंद्र का जिला पुलिस में वर्ष 2012 में बहाली हुई थी. वह एक सप्ताह पहले 14 जनवरी को मकर संक्रांति के अवसर पर घर आये थे और 16 जनवरी को पुन: ड्यूटी पर चले गये थे. सुरेेंद्र हुसैनाबाद थाना के लंगरपुर पिकेट में पदस्थापित थे.
दो माह पूर्व मनातू थाना से उनकी वहां पदस्थापना हुई थी. सुरेंद्र चार भाइयों में सबसे बड़ा था. वर्ष 2012 में ही उनकी शादी हुई थी. उल्लेखनीय है कि बुधवार को छतरपुर के काला पहाड़ में माओवादियों ने बंद विस्फोट कर पुलिस वाहन को उड़ा दिया था.
इसी में संजय की मौत हो गयी थी. शव के घर पहुंचने पर मौके पर बीडीओ नरेश रजक, जिप सदस्य मुरारी यादव, मुखिया अनिल चंद्रवंशी, भाजपा मंडल अध्यक्ष सूर्यनाथ राम, भाजपा नेता धर्मेंद्र पाठक, संजय गौतम, बंशी यादव, घनश्याम ठाकुर आदि ने पहुंच कर परिजनों को शोक-सांत्वना दी.
