खरीदे गये धान का ठीक भंडारण न होने व किसानों को भुगतान नहीं किये जाने का मामला
गढ़वा : प्रभात खबर के 10 जुलाई के अंक में छपी खबर के बाद सरकार हरकत में आयी और खाद्य आपूर्ति विभाग के उप सचिव बसंत कुमार दास ने सगमा व धुरकी प्रखंड के गोदामों में रखे गये धान मामले की जांच की.
उल्लेखनीय है कि यह धान विभिन्न किसानों से धुरकी व सगमा के चार पैक्स द्वारा खरीदी गयी थी, जो गोदाम में बंद पड़े-पड़े खराब हो रहे थे. साथ ही धान क्रय किये जाने के बाद भी किसानों को समर्थन राशि का भुगतान नहीं किया गया था.
श्री दास ने गुरुवार को गढ़वा पहुंच कर धुरकी प्रखंड के बीरबल, सोनडीहा व खुटिया तथा सगमा प्रखंड के सगमा पैक्स का निरीक्षण किया और गोदाम में रखे गये धान की जांच की. इस दौरान उन्होंने स्थिति को असंतोषजनक बताया है. उन्होंने कहा कि वे अपनी रिपोर्ट सरकार को भेजेंगे. इस मौके पर जिला आपूर्ति पदाधिकारी शशिनाथ चौबे, नगरऊंटारी एसडीओ राजेश कुमार साह, धुरकी बीडीओ इजी लकड़ा, सगमा बीडीओ देवदत्त पाठक, प्रखंड आपूर्ति पदाधिकार रामप्रसाद सिंह आदि उपस्थित थे.
बताया गया कि मार्च महीने में ही 1320 रुपये प्रति क्विंटल के हिसाब से समर्थन मूल्य पर करीब 4300 क्विंटल धान क्रय किया गया था. इसके एवज में किसानों को 57 लाख रुपये भुगतान किये जाने हैं. इधर पैक्स का अपना गोदाम नहीं होने के कारण विद्यालय भवन के कमरों में धान को रखा गया है. जिसमें बरसात से नमी हो गयी है तथा चूहों द्वारा बरबाद भी किया जा रहा है. इसकी खबर प्रभात खबर में प्रमुखता से छापी गयी थी.
