गढ़वा : अपहर्ताओं ने गुरुवार शाम भीतर भंडरिया में ठेकेदार के भाई प्रमोद केसरी को छोड़ दिया. पुलिस ने उसको छोड़ने आये दो लोगों को हिरासत में लिया है. तीन अपराधियों ने बुधवार को भंडरिया थाना क्षेत्र के मरदा निवासी ठेकेदार विनोद केसरी के भाई प्रमोद केसरी का अपहरण कर लिया था.
आठ लाख रुपये फिरौती मांगी थी. पुलिस ने अपहरण की साजिश में सहयोग करनेवाले टुनटुन को पहले ही गिरफ्तार किया था. उसकी सूचना पर अपराधियों के संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही थी. बताया गया कि विनोद केसरी टेहरी में बन रहे मुख्य पथ का संवेदक है. लेवी की मांग को लेकर उसके भाई प्रमोद का अपहरण किया गया था.
माओवादी के नाम पर मांगी थी फिरौती
बुधवार शाम पांच बजे प्रमोद केसरी बाइक से घर लौट रहे थे. रास्ता में जंगल पड़ता है. तीन अपराधियों ने बंदूक दिखा कर उन्हें रोका और अपने साथ जंगल में ले गये थे. पता चला कि टुनटुन नामक व्यक्ति ने अपराधियों को प्रमोद के जंगल से होकर गुजरने की सूचना दी थी. भंडरिया पुलिस ने टुनटुन को गिरफ्तार कर उससे पूछताछ की.
टुनटुन ने पुलिस को बताया कि करसो निवासी श्रवण यादव, मानपुर निवासी सलीम उर्फ जियाउल हक व महेश ने प्रमोद का अपहरण किया है. प्रमोद के घरवालों को फोन कर माओवादी राजेंद्र सिंह खरवार के नाम पर फिरौती मांगी गयी है. इस सूचना पर पुलिस ने राजेंद्र सिंह खरवार सहित अन्य अपराधियों के ठिकानों पर छापेमारी की थी.
