कांडी: प्रसिद्ध पर्यटनस्थल सतबहिनी झरना तीर्थ में पावन कार्तिक पूर्णिमा की संध्या बेला में गंगा आरती का भव्य आयोजन किया गया. मां सतबहिनी झरना तीर्थ व पर्यटन स्थल विकास समिति के अध्यक्ष नरेश सिंह की अध्यक्षता में 7000 की संख्या में श्रद्धालु पर्यटकों ने महाआरती में भाग लिया. मौके पर गांव-गांव से महिलाएं थाल में दीपक सजाकर लाईं थीं. सबों ने मां गंगे की आरती की व जलते दीपों को नदी की कल कल करती धारा में प्रवाहित किया.
इससे पूर्व पंडित मुरलीधर मिश्र के नेतृत्व में वेदपाठी ब्राह्मणों में पंडित आदित्य पाठक व अन्य ने वैदिक मंत्रों के सस्वर वाचन के साथ समस्त कर्मकांड संपन्न कराया. इस दौरान गंगा आवाहन, गंगा पूजन, धूप आरती, कपूर आरती, महा आरती व शंख ध्वनि के बाद मंत्र पुष्पांजलि कराई गई. इस दौरान सतबहिनी के संत हरि दास, पंडित रामानुज मिश्र व हरिगंगा दास ने स्वर्ग से अवतरित मां गंगा की आरती की.समिति के संयोजक पीआर सिन्हा ने गंगा अवतरण, गंगा की महिमा व जल संरक्षण के महत्व पर प्रकाश डाला. इस मौके पर उपस्थित हजारों श्रद्धालुओं द्वारा लगाए जा रहे गंगा मां, सतबहिनी मां व अन्य देव शक्तियों के जयकारे से सारा आकाश गुंजता रहा. जबकि अखिलेश, जयराम व पिंटू आदि की टीम ने अपने इंस्ट्रूमेंट पर मधुर संगीत बजाकर कार्यक्रम को काफी सरस स्वरुप प्रदान किया. समारोह का संचालन पीआर सिन्हा व दिलीप पांडेय ने किया. गंगा आरती के मौके पर कई श्रद्धालु दान दाताओं ने सतबहिनी झरना तीर्थ स्थित विभिन्न मंदिरों के लिए सामग्री दान दी. इनमें पलामू जिला के कुंदरी वन क्षेत्र के रेंजर विनोद कुमार विश्वकर्मा ने कंपलीट सेट आरती के लिए पांच हजार 101 रुपये, बेगूसराय बिहार के एसआइ सह गाड़ा खुर्द निवासी अशर्फी दुबे ऊर्फ बुद्धदेव दुबे, चंद्रपुरा निवासी नाटा तिवारी ने एक एक सेट आरती प्रदान करने की घोषणा की.
वहीं रामबांध निवासी पारा शिक्षक करंजू पाल तथा अधौरा निवासी पत्रकार रामरंजन ने मिलकर एक सेट आरती दान करने की बात कही.जबकि शंभूनाथ सिंह व बटेश्वर सिंह द्वारा दिये गये नगाड़े को आज के कार्यक्रम में बजाया गया. कांडी थाना के एएसआइ नवल किशोर पासवान के नेतृत्व में कांडी थाना के जवान शांति व्यवस्था को लेकर मुस्तैदी से डटे रहे.
ये हुए शामिल
गंगा आरती के दौरान सांसद प्रतिनिधि राम लखन प्रसाद, कांडी प्रखंड मुखिया संघ की अध्यक्ष मीना देवी, भाजपा नेता बिनोद चौधरी, रेंजर विनोद कुमार विश्वकर्मा, विनय पांडेय, मुखिया विनोद प्रसाद, समिति के उप सचिव सुदर्शन तिवारी, अंकेक्षक द्वय नवल किशोर तिवारी व नंदलाल दुबे, देवी दयाल राम, सुखदेव साव, अवधेश गुप्ता, पारसनाथ सिंह, गोपी सिंह, गोरख सिंह, जयकिशुन राम, नरेश साव, राजेंद्र तिवारी, शंभू पांडेय, निरंजन सिंह, सागर दास सहित काफी संख्या में लोग उपस्थित थे.
