आवंटन नहीं होने से
धालभूमगढ़ : धालभूमगढ़ और गुड़ाबांदा प्रखंड के 55 स्कूलों में एक मार्च को मध्याह्न् भोजन नहीं बना. स्कूली बच्चे मिड डे मिल से वंचित रह गये. ऐसे तो इन दोनों प्रखंड के प्राथमिक और मध्य विद्यालयो में चावल और राशि आबंटन नहीं होने से एक फरवरी से मध्याह्न् भोजन योजना प्रभावित हो रही है.
चावल और राशि के अभाव में धालभूमगढ़ प्रखंड के डोभा मवि, आदर्श मवि, कोकपाड़ा मवि, सुंदरडीह मवि, कस्तूरीबाई जयहिंद बालिका मवि, हल्दाजुड़ी मवि समेत अन्य संकुल क्षेत्र के विद्यालयों में एक फरवरी से एमडीएम बंद होना शुरू हुआ. एक मार्च तक एमडीएम बंद विद्यालयों की सूची में 55 स्कूलों के नाम शामिल हो गये हैं. इसमें एनपीएस 20, पीएस 15, यूएमएस 11 एवं एमएस पांच शामिल हैं. चावल एवं राशि उपलब्ध नहीं हुआ, तो एक पखवाड़े में 10 से अधिक विद्यालयों में और एमडीएम बंद हो सकता है.
बीआरसी एमडीएम सेल चतुर्थ वर्गीय कर्मचारी के भरोसे चलता है. सूचना है कि चावल एवं राशि के लिए डिमांड नहीं दिया गया है. एमडीएम के लिए जिला से फंड आबंटित नहीं हुआ है. एमडीएम सुविधा विद्यालय में बंद होने से छात्र-छात्रएं भोजन के लिए घर जाने लगे हैं. प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी रणधीर कुमार ने बताया कि एमडीएम का कुछ चावल बचा है. चार्ज लेने के समय का है. बीइइओ से डिमांड लेकर पहुंचेंगे, तो चावल वितरण करेंगे. प्रखंड प्रमुख लीलाल सिंह बीआरसी पहुंच कर एमडीएम की स्थिति की जानकारी ली. एमडीएम पुन: चालू करवाने के लिए सकारात्मक पहल करने की बात कही.
