आइसीसी अस्पताल में भरती
घाटशिला : सुरदा आइआरएल कंपनी के 11 लेवल में शनिवार की सुबह गैस रिसने से यहां कार्यरत तीन अनट्रेंड मजदूर बेहोश हो गये. मजदूरों के बेहोश होने की घटना के बाद अफरा-तफरी मच गयी. बेहोश मजदूरों को इलाज के लिए मऊभंडार आइसीसी वर्कर्स अस्पताल लाया गया.
मजदूरों ने बताया कि दो माह के लिए कंपनी ने क्रशर प्लांट को बंद करने का नोटिस जारी किया है. इसके कारण उन्हें कंपनी ने अंडर ग्राउंड में काम के लिए भेजा. शनिवार को जब वे 11.30 बजे 11 लेवल में काम कर रहे थे, तो अचानक गैस रिसने लगा. इससे उन्हें परेशानी होने लगी.
इसके बाद उन्हें इलाज के लिए मऊभंडार कंपनी अस्पताल लाया गया. मुसाबनी तीन नंबर निवासी मानस भट्टाचार्य, तीन नंबर निवासी मो कासिम और दो नंबर निवासी सोम चंद्र मुमरू का इलाज मऊभंडार में जारी है. अभी तीनों की स्थिति सामान्य है.
लापरवाही से घटी घटना : मुसाबनी माइंस इंप्लाइज यूनियन के उपाध्यक्ष एसके हुसैन और यूनियन के सदस्य एम घोष ने कहा कि कंपनी की लापरवाही से शनिवार की घटना घटी है.
उन्होंने कहा कि कंपनी ने बिना ट्रेनिंग दिये ही तीन मजदूरों को 11 लेवल में काम करने के लिए भेज दिया. रविवार से अन ट्रेंड मजदूरों को अंडर ग्राउंड में भेजने से रोका जायेगा. उन्होंने कंपनी प्रबंधन से मांग की कि अन ट्रेंड मजदूरों को ट्रेनिंग देकर अंडर ग्राउंड में भेजा जाये. मजदूरों के शरीर में कौन सा गैस प्रवेश किया है, इसकी जांच के बाद ही पता चलेगा. आजसू नेता कान्हू सामंत, राजू कर्मकार, नीकू क्षेत्री भी अस्पताल पहुंचे और मजदूरों से घटना की जानकारी ली.
