रानीश्वर : प्रखंड अंतर्गत यूएमएस लकड़ाघाटी परिसर में बरामदा सहित दो कमरे का पुराना जर्जर भवन अब भी खड़ा है. भवन के जर्जर होने के कारण कभी भी बड़ी दुर्घटना हो सकती है. लकड़ाघाटी स्कूल जब प्राथमिक विद्यालय था, उस समय बरामदा सहित दो कमरे के इस भवन का निर्माण कराया गया था.
नया भवन बनने के बाद पुराने भवन की नहीं रही उपयोगिता
बाद में प्राथमिक विद्यालय को मध्य विद्यालय में उत्क्रमित किये जाने के बाद परिसर में अलग से दो मंजिला नया भवन बनाया गया. बच्चों के बैठने के लिए परिसर में अन्य भवन भी बनाये गये हैं. पुराना जर्जर भवन नये भवन से सटा हुआ है.
छज्जा टूटकर गिर रहा, भवन में लटका है ताला
जर्जर भवन की अब कोई उपयोगिता नहीं है और उसमें ताला लटका हुआ है. इसके बावजूद भवन परिसर में मौजूद है. भवन का छज्जा टूटकर गिर रहा है, जिससे हादसे की आशंका बनी हुई है.
जर्जर भवन तोड़ने का पहले ही जारी हो चुका है आदेश
स्कूल परिसर में जर्जर भवनों को तोड़कर जमीन को समतल किये जाने का आदेश शिक्षा विभाग की ओर से पहले ही जारी किया जा चुका है. इसी आदेश के अनुसार कई विद्यालयों में पुराने जर्जर भवनों को तोड़कर परिसर को समतल किया जा चुका है.
एसएमसी की बैठक में पारित करना होता है प्रस्ताव
जर्जर भवन को तोड़ने के लिए विद्यालय प्रबंधन समिति की बैठक में इस संबंध में प्रस्ताव पारित करना होता है.
