रानीश्वर : छात्र-छात्राओं को स्कूल में शौचालय उपलब्ध कराने के लिए सरकार लाखों रुपये खर्च कर रही है, पर स्कूली बच्चे बाहर खुले मैदान में शौच करने को मजबूर हैं. सर्व शिक्षा अभियान के तहत प्रखंड के 223 प्राथमिक व मध्य विद्यालयों में से 208 स्कूलों में सरकारी खर्च कर शौचालय व पानी टंकी का निर्माण कराया गया है.
जिसमें से 78 स्कूलों में शौचालय खराब है. 130 स्कूलों में जहां शौचालय की भौतिक स्थिति ठीक दिखायी गयी है. उनमें से अधिकांश शौचालयों में ताला लटका रहता है, जबकि बुधुडीह, पहाड़पुर, मसानजोर, दतातलोई, नीमटोला स्कूल में तो शौचालय ही नहीं बना है. इसका खुलासा सूचनाधिकार कानून के तहत हुआ है. कांग्रेस के प्रखंड सचिव योगबानंद सरकार को इसकी सूचना जिला शिक्षा अधीक्षक के स्तर से उपलब्ध करायी गयी है. सूचना के अनुसार आसनबनी उर्दू स्कूल, रघुपाड़ा, चुआपानी, शिलाजुड़ी, रागडीह, सिउलीबोना, श्यामपुर, चकइंद्र प्रसाद आदि स्कूलों में शौचालय की भौतिक स्थिति के बारे में सूचना उपलब्ध नहीं करायी गयी है.
अधिकांश शौचालयों में ताला लटके रहने से ग्रामीणों का कहना हैं कि विभाग के अधिकारी स्कूलों में शौचालय का निर्माण महज ठेकेदारी के उद्देश्य से ही कराया जाता है. शौचालय का सही उपयोग हो, इस पर ध्यान नहीं दिया जाता. शौचालय के छत पर पानी की टंकी पर पानी चढ़ाने की व्यवस्था नहीं है.
