दुमका : डीजीपी डीके पांडेय ने कहा कि ताला दा हो या दूसरे नक्सली, किसी के लिए कोई सुरक्षित जगह नहीं छोड़ा जायेगा. उनके लिए अब जंगल से बाहर निकलने का समय आ गया है. सीएम के नेतृत्व में विकास की तरफ झारखंड आगे बढ़ रहा है. इसलिए विकास बाधित नहीं करें. अगर उनका मकसद […]
By Prabhat Khabar Digital Desk | Updated at :
दुमका : डीजीपी डीके पांडेय ने कहा कि ताला दा हो या दूसरे नक्सली, किसी के लिए कोई सुरक्षित जगह नहीं छोड़ा जायेगा. उनके लिए अब जंगल से बाहर निकलने का समय आ गया है. सीएम के नेतृत्व में विकास की तरफ झारखंड आगे बढ़ रहा है. इसलिए विकास बाधित नहीं करें. अगर उनका मकसद विकास है, तो जंगल से बाहर निकले.
संविधान के माध्यम से, जनतंत्र के माध्यम से विकास करें. झारखंड को आगे ले जायें. गोलियों से विकास नहीं, सत्यानाश ही होगा. उन्होंने एसएसबी और जिला पुलिस के पदाधिकारियों-जवानों को संबोधित करते हुए कहा कि 2018 दिसंबर तक के एक संकल्प के साथ झारखंड पुलिस आगे बढ़ रही है. उन्होंने एसएसबी व जिला पुलिस के जवानों की हौसला अफजाई करते हुए कहा कि उन्होंने अपने बुलंद हौसले, दिलेरी और बहादुरी का नमूना पेश किया है.
इसलिए अब इसमे दो राय नहीं है कि यह संकल्प 2018 में पूरा नहीं होगा. उन्होंने कहा कि झारखंड पुलिस ने मिशन 200 के बाद अब मिशन 500 तैयार किया है. इसके तहत स्मॉल एक्शन टीमें 200 से बढ़ाकर 500 की जायेंगी. भारतीय सेना, कोबरा बटालियन, आइटीबीपी की मदद ली जायेंगी. इन सैट टीमों को उच्चस्तरीय प्रशिक्षण दिलायेंगे.
सुविधाओं में नहीं होगी कंजूसी : उन्होंने एसएसबी के जवानों की इस बात पर भी प्रशंसा की कि वे सीमित संसाधन में भी अपनी सेवायें दे रहे हैं. उन्होंने कहा कि जो संसाधन की कमी है, उसे वे दूर करने का प्रयास कर रहे हैं. संसाधनों की कमी को दूर करने के लिए त्वरित गति से फंड देने को वे तैयार हैं. किचन, ट्वाइलेट या मनोरंजन के लिए जो संसाधन-सुविधायें चाहिए, वह मिलेगी. इसमें कोई
कंजूसी नहीं की जायेगी.
संवेदकों-उद्योगपतियों को देंगे सुरक्षा
डीजीपी ने कहा कि राज्य की पुलिस उन तमाम संवेदकों-उद्योगपतियों को सुरक्षा प्रदान करने को तत्पर हैं. कहा कि सभी का ध्येय एक ही है, झारखंड का विकास. सारे संवेदक-उद्योगपति भी इसी टीम के सदस्य हैं. सभी विकास चाहते हैं. जिन्हें सुरक्षा चाहिए, भरपूर सुरक्षा देंगे. लेवी देने की वजाय वे काम कराने के लिए सुरक्षा लें. सुरक्षा देने में पुलिस-प्रशासन पीछे नहीं हटेगा. उन्होंने संवेदकों-उद्योगपतियों से कहा कि वे लेवी देने की वजाय पुलिस के साथ आयें.मौके पर अपर पुलिस महानिदेशक विशेष शाखा अनुराग गुप्ता, पुलिस महानिरीक्षक एसटीएफ आशीष बत्रा, पुलिस उपमहानिरीक्षक एसटीएफ साकेत कुमार सिंह, पुलिस महानिरीक्षक एसएसबी संजय कुमार, पुलिस उपमहानिरीक्षक एसएसबी सुमित जोशी, पुलिस अधीक्षक दुमका किशोर कौशल एवं समादेष्टा एसएसबी परीक्षित बेहरा मौजूद थे.