जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों को मॉडल सेंटर के रूप में विकसित करने की दिशा में जिला प्रशासन ने पहल शुरू कर दी है. इसके तहत निरसा क्षेत्र में डीएमएफटी फंड से 51 आंगनबाड़ी केंद्रों के नये भवन बनाये जायेंगे. इन भवनों में बच्चों के लिए बेहतर वातावरण के साथ आवश्यक बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराने की योजना है.
हर भवन पर खर्च होंगे करीब 27.54 लाख रुपये
सभी 51 आंगनबाड़ी केंद्रों के भवन निर्माण का काम लघु सिंचाई विभाग करायेगा. विभाग की योजना के अनुसार, निर्माण की कुल अनुमानित लागत करीब 14.05 करोड़ रुपये है. प्रत्येक भवन के निर्माण पर लगभग 27.54 लाख रुपये खर्च किये जायेंगे.
निरसा में बनेंगे सबसे अधिक 43 केंद्र
प्रस्तावित 51 केंद्रों में सबसे अधिक 43 आंगनबाड़ी केंद्र निरसा प्रखंड में बनाये जायेंगे. इसके अलावा केलियासोल प्रखंड में दो और चिरकुंडा नगर परिषद क्षेत्र में छह केंद्रों के नये भवन बनेंगे.
योजना के तहत बांदा, पटलाबाड़ी, उरमा, धोबारी, सालूकचापड़ा, पांड्रा, मदनपुर और वीरसिंहपुर समेत कई क्षेत्रों को शामिल किया गया है. इसके अलावा शिवलीबाड़ी, श्यामपुर, कालूबथान, कुमारधुबी, कुशडंगाल और चिरकुंडा क्षेत्र में भी आंगनबाड़ी केंद्रों के नये भवन बनाये जायेंगे.
नये भवन तैयार होने के बाद बच्चों को आंगनबाड़ी केंद्रों में बेहतर और सुविधाजनक माहौल उपलब्ध होने की उम्मीद है.
