coal inda : 87,869 सदस्यों को मिल रहा सीपीआरएमएस-एनई स्कीम का लाभ

78301 दंपती, 9466 एकल कार्डधारी व 102 दिव्यांग बच्चें हैं लाभार्थी, एसइसीएल से जारी हुए सर्वाधिक 21,527 कार्ड, बीसीसीएल से रिटायर्ड 11,124 कोलकर्मी हो रहे लाभान्वित

कोल इंडिया व उसकी अनुषंगी कंपनियों से रिटायर्ड करीब 88 हजार कोलकर्मी कंट्रीब्यूट्री पोस्ट रिटायरमेंट मेडिकेयर स्कीम- नन एक्सक्यूटिव (सीपीआरएमएस-एनई) स्कीम के तहत चिकित्सा लाभ ले रहे है. कोल इंडिया के आंकड़ों पर गौर करें तो सीपीआरएमएस-एनई स्कीम के तहत कोल इंडिया व अनुषंगी कंपनियों द्वारा 31 जुलाई तक कुल 87,869 कार्ड जारी किये गये है. इनमें 9466 एकल लाभार्थी कार्डधारी, 78301 कार्डधारी डबल लाभार्थी (यानी पति-पत्नी) तथा 102 कार्डधारी दिव्यांग बच्चें शामिल है. उक्त स्कीम के तहत कोल इंडिया की सहायक कंपनी एसइसीएल द्वारा सर्वाधिक 21,527 कार्ड जारी किए गये है. जबकि डब्ल्यूसीएल द्वारा 17,841, इसीएल 15,293, बीसीसीएल 11,124 व सीसीएल द्वारा 7,874 कार्ड जारी किया गया है.

वर्तमान कर्मियों की कट रही राशि :

बीसीसीएल, इसीएल व सीसीएल समेत कोल इंडिया व सहायक कोल कंपनियों में वर्तमान में कार्यरत कोलकर्मियों का सीपीआरएमएस-एनई स्कीम के लिए 40 हजार रुपया की कटौती हो चुकी है या राशि कट रही है. पिछले दिनों इस स्कीम के फंड को मजबूत करने के लिए हुई बैठक में काफी विचार विमर्श के बाद प्रबंधन से एक मुश्त राशि देने का आग्रह करने पर सहमति बनी है. ताकि उक्त स्कीम का संचालन भविष्य में आगे भी जारी रह सके. इस पर मानकीकरण कमेटी की बैठक में अंतिम फैसला होगा. अच्युरी कि रिपोर्ट के अनुसार अगर पैसे की व्यवस्था नहीं हुई, तो 2031 के बाद स्कीम को बंद करना पड़ सकता है. बॉक्स : 1

किस कोल कंपनी ने कितने कार्ड जारी किये

कंपनी कार्ड

बीसीसीएल 11,124इसीएल 15,293

सीसीएल 7,874एसइसीएल 21,527

डब्ल्यूसीएल 17,841एमसीएल 6,070

एनसीएल 3,647सीएमपीडीआई 884

एनइसी 710कोल इंडिया मुख्यालय 2,899

कुल 87,869

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat Khabar News Desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >